पैदल चलना लो-इंटेंसिटी एक्सरसाइज होती है जिसके कई फायदे होते हैं. पैदल चलने से काफी मात्रा में कैलोरी बर्न होती है, मेटाबॉलिज्म तेज होता है, वजन कम होता है, ब्लड सर्कुलेशन सही रहता है जिससे ब्लड प्रेशर भी कंट्रोल रहता है, हार्ट डिजीज का जोखिम कम होता है. इसके अलावा पैदल चलने से पैर और कोर मसल्स एक्टिवेट होते हैं. वैसे तो एक्सपर्ट हर उम्र के लोगों को पैदल चलने की सलाह देते हैं लेकिन आजकल फिटनेस इंडस्ट्री में 10 हजार कदम चलने को एक पैमाना बना लिया गया है.
लेकिन क्या आपने सोचा है कि 10 हजार कदम रोजाना चलने से इतने फायदे होते हैं तो वहीं यदि आप रोज 20,000 कदम चलते हैं तो क्या फायदे हो सकते हैं? तो आइए उन फायदों के बारे में जान लीजिए.
20 हजार कदम चलने से आपकी फिजिकल और मेंटल हेल्थ पर काफी अच्छा प्रभाव पड़ सकता है. रोजाना चलने से आपके मसल्स और जोड़ों की समस्याओं का जोखिम कम हो सकता है और ऑस्टियोपोरोसिस से बचाव होता है.
रोजाना पैदल चलने से हार्ट हेल्थ में सुधार होता है क्योंकि उससे आपको हार्ट पूरे शरीर में ब्लड सर्कुलेट करने के लिए अच्छे से काम करने लगता है.
20 हजार कदम चलने से मसल्स और हड्डियों पर लगातार लेकिन कंट्रोल से भार आता है जिससे समय के साथ मसल्स और हड्डियों का घनत्व, लचीलापन बढ़ने लगता है.
20 हजार कदम चलने से काफी मात्रा में कैलोरी बर्न होती है जो वजन और हार्ट रेट पर निर्भर करती है. एक्सपर्ट्स का कहना है कि किसी की भी इतना पैदल चलने से 500 से 1000 कैलोरीज जरूर बर्न हो सकती हैं.
रोजाना 20 हजार कदम चलने से इंसुलिन सेंसेटिविटी में सुधार होता है जिससे ब्लड शुगर काफी अच्छी तरह से मैनेज हो जाती है और टाइप 2 डायबिटीज का जोखिम भी काफी कम रहता है.
एक्सपर्ट कहते हैं कि पैदल चलने से डिप्रेशन कम होता है और आप ओवरथिंकिंग से बचते हैं. यदि किसी को डिप्रेशन या एंग्जाइटी की शिकायत है तो उसके लक्षण कम हो सकते हैं.
Disclaimer: यह आर्टिकल सामान्य जानकारी के लिए है. किसी भी स्वास्थ्य समस्या या डाइट में किसी भी बदलाव से पहले हमेशा अपने डॉक्टर, न्यूट्रिशनिस्ट या डायटीशियन से सलाह जरूर लें.
आजतक लाइफस्टाइल डेस्क