नई दिल्ली के भारत मंडपम में चल रहा इंडिया एआई समिट 2026 सुर्खियों में हैं. कृत्रिम मेधा से जुड़े इस कॉन्फ्रेंस में दुनिया टेक टायकून हिस्सा ले रहे हैं. इस कार्यक्रम में ओपेन एआई के सैम अल्टमैन, अल्फाबेट आईएनसी के सुंदर पिचाई जैसे दिग्गज मंच संभाल रहे हैं. तो दूसरी तरफ बिल गेट्स का नाम भी चर्चा में हैं. बिल गेट्स इस समय इंडिया में हैं और उनके इस समिट में शिरकत करने की चर्चा चल रही है.
लेकिन बिल गेट्स पर एपस्टीन फाइल की छाया मंडरा रही है. सोशल मीडिया में इस बात पर जबर्दस्त बहस हो रही है कि बिल गेट्स को इस सम्मेलन में आना चाहिए या नहीं.
बता दें कि एपस्टीन फाइल से जुड़े दस्तावेजों में बिल गेट्स का जिक्र है. गेट्स का नाम US जस्टिस डिपार्टमेंट द्वारा जारी किए गए डॉक्यूमेंट्स के कुछ हिस्सों में है.
एपस्टीन ने इन फाइलों में कथित तौर पर दावा किया कि उसने गेट्स को ड्रग्स दिलाने में मदद की थी. गेट्स ने इन आरोपों से साफ इनकार किया है. नाइन न्यूज़ के साथ एक इंटरव्यू में उन्होंने एपस्टीन को "बिल्कुल बेतुका और पूरी तरह से झूठा" बताया. एपस्टीन की मौत हो चुकी है.
बिल गेट्स इसी हफ्ते भारत दौरे पर आया है. इस दौरान आंध्र प्रदेश के सीएम चंद्रबाबू नायडु ने उनका स्वागत किया.
लेकिन गेट्स के स्वागत की कुछ पॉलिटिकल लीडर्स और सोशल मीडिया यूज़र्स ने आलोचना की. उन्होंने एपस्टीन से जुड़े डॉक्यूमेंट्स में उनके नाम का ज़िक्र किया और उन पर अपने प्रोडक्ट्स के लिए 'भारत को लैब की तरह ट्रीट करने'का आरोप लगाया.
शामिल होंगे बिल गेट्स- गेट्स फाउंडेशन
शिवसेना सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा कि अगर भारत को AI और टेक स्पेस में लीड करना है तो उसे एथिकल लीडरशिप में भी आगे रहना होगा. मैंने बिल गेट्स को ग्लोबल विज़नरी के तौर पर प्रमोट किए जाने और उन्हें AI समिट का प्लेटफॉर्म दिए जाने पर अपनी चिंता जताई थी. मैंने इस बारे में ज़ोर-शोर से बात की थी और मुझे खुशी है कि @GoI_MeitY ने यह पक्का कर दिया है कि वह समिट का हिस्सा नहीं हैं. मैसेज साफ होना चाहिए, भारत जो बना रहा है उससे कोई समझौता नहीं हो सकता और इसे उसी नैतिक विश्वास और गरिमा के साथ लीड करना होगा.
मंगलवार को पहले खबर आई बिल गेट्स भारत में चल रहे AI समिट्स में शामिल नहीं होंगे. लेकिन इसके बाद गेट्स फाउंडेशन ऑफ इंडिया ने कहा कि बिल गेट्स AI समिट में शामिल हो रहे हैं और वह अपना संबोधन भी देंगे. बयान में कहा गया कि भारत 'आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस में ग्लोबल लीडर”' है, जो दुनिया के सबसे बड़े AI टैलेंट पूल में से एक है और इसे तेज़ी से क्रॉस-सेक्टर अपनाया जा रहा है.
प्रियंका चतुर्वेदी ने जताई नाराजगी
गेट्स फाउंडेशन के बयान के बाद राज्यसभा सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा कि गेट्स फाउंडेशन के स्पोक्सपर्सन ने कहा है कि बिल गेट्स AI समिट में तय समय पर अपनी कीनोट स्पीच दे रहे हैं. अगर यह सच है, तो यह कितनी शर्म की बात है. क्या आप बदलाव लाने के लिए यही कर रहे हैं.
दुनिया में पर्सनल कम्प्यूटर के क्षेत्र में क्रांति करने वाले माइक्रोसॉफ्ट के चेयरमैन बिल गेट्स ने 2014 में अपना पद छोड़ दिया था. लेकिन वे गेट्स फाउंडेशन के वैश्विक सामाजिक कार्यों से जुड़े गतिविधियों को अभी भी लीड कर रहे हैं.
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