वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट 2026 में कृषि क्षेत्र और किसानों के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएं की हैं. बजट में कृषि को उत्पादकता बढ़ाने, उच्च मूल्य वाली फसलों को बढ़ावा देने, मत्स्य पालन और पशुपालन जैसे संबद्ध क्षेत्रों में रोजगार सृजन पर जोर दिया गया है. कुल मिलाकर कृषि क्षेत्र के लिए 1.62 लाख करोड़ रुपये से अधिक का आवंटन किया गया है जो पिछले साल से करीब 7% अधिक है.
साथ ही वित्त मंत्री ने किसानों की आय बढ़ाने, छोटे-मझोले किसानों को विशेष ध्यान देने और ग्रामीण रोजगार को मजबूत करने की बात कही है. पीएम मोदी ने इसे विकसित भारत की नींव बताया है.
केसीसी (किसान क्रेडिट कार्ड) ऋण सीमा में वृद्धि
केसीसी के तहत सब्सिडी वाले अल्पकालिक ऋण की सीमा 3 लाख रुपये से बढ़ाकर 5 लाख रुपये कर दी गई है. इससे करोड़ों किसानों, मछुआरों और डेयरी किसानों को सस्ता और आसानी से ऋण मिलेगा, जिससे खेती-किसानी में निवेश बढ़ेगा.
500 जलाशयों और अमृत सरोवरों का एकीकृत विकास
मत्स्य पालन को बढ़ावा देने के लिए 500 जलाशयों और अमृत सरोवरों का एकीकृत विकास किया जाएगा. इससे अंतर्देशीय मत्स्य पालन मजबूत होगा, तटीय क्षेत्रों में वैल्यू चेन विकसित होगी और स्टार्टअप, महिला समूहों तथा फिश फार्मर प्रोड्यूसर ऑर्गेनाइजेशंस के माध्यम से बाजार से जुड़ाव बढ़ेगा.
ईईजेड और हाई सीज में पकड़ी मछली पर ड्यूटी फ्री
भारतीय जहाजों द्वारा एक्सक्लूसिव इकोनॉमिक जोन (EEZ) या हाई सीज में पकड़ी गई मछली पर शुल्क मुक्त (ड्यूटी फ्री) कर दिया गया है. इससे मछुआरों की आय बढ़ेगी और समुद्री मत्स्य पालन को प्रोत्साहन मिलेगा.
काजू, कोको, चंदन, नारियल जैसी उच्च मूल्य वाली फसलों को बढ़ावा
तटीय, पूर्वोत्तर और पहाड़ी क्षेत्रों में नारियल, काजू, कोको, चंदन जैसी उच्च मूल्य वाली फसलों के लिए विशेष कार्यक्रम शुरू किए जाएंगे. नारियल उत्पादन को प्रतिस्पर्धी बनाने के लिए कोकोनट प्रमोशन स्कीम लाई जाएगी, जिसमें पुराने पेड़ों को नए, बेहतर किस्मों से बदलने पर फोकस होगा. इससे किसानों की आय बढ़ेगी और निर्यात क्षमता मजबूत होगी.
PM-किसान सम्मान निधि जारी रहेगी
किसानों को सालाना 6,000 रुपये की मदद देने वाली पीएम-किसान सम्मान निधि योजना जारी रहेगी जो करोड़ों किसान परिवारों के लिए आर्थिक सहारा बनी हुई है.
लॉन्च होगा एग्री टूल
इसके अलावा वित्त मंत्री ने अपने 85 मिनट के बजट भाषण में ऐलान किया कि पशुपालन क्षेत्र में रोजगार बढ़ाने के लिए क्रेडिट-लिंक्ड सब्सिडी प्रोग्राम शुरू किया जाएगा. दुग्ध, पोल्ट्री और पशु व्यवसायों का आधुनिकीकरण होगा तथा वैल्यू चेन में किसान संगठनों को बढ़ावा मिलेगा. ‘भारत विस्तार’ (Bharat Vistar) नामक बहुभाषी एआई एग्री टूल लॉन्च किया जाएगा जो AgriStack और ICAR की जानकारी के साथ किसानों को फसल योजना, मौसम चेतावनी, कीट प्रबंधन और बाजार जानकारी देगा. इससे किसानों की उत्पादकता बढ़ाने और उन्हें बेहतर फैसले लेने में मदद करेगा.
'भविष्य की नींव मजबूत करेगा बजट'
दूसरी ओर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस बजट को वर्तमान के सपने साकार करने वाला और भविष्य की नींव को मजबूत करना वाला बताया है. उन्होंने कहा कि इससे 2047 के विकसित भारत के सपने को मजबूत आधार मिलेगा.
पीएम ने कहा कि आज के बजट से भारत मजबूत होगा, क्योंकि भारत का राजकोषीय घाटा कंट्रोल में है और सरकार का इंफ्रास्ट्रक्चर में निवेश बढ़ाने का वादा बरकरार है. आज जब दुनिया में चिंता और डर का माहौल है तब आज का बजट भारत को लेकर भरोसा बढ़ाने वाला है.
PM ने हाल ही यूरोपियन यूनियन समेत कई देशों के साथ हुई ट्रेड डील का भी जिक्र अपने भाषण में किया कहा कि इससे नौजवानों को सीधा फायदा मिले, उसके लिए जरूरी कदम बजट में उठाए गए हैं. सरकार का फोकस अब देश में मैन्युफैक्चरिंग बढ़ाने और आम लोगों तक जरूरी चीज़ों को सस्ती कीमत पर पहुंचाने पर है. इस बजट में हेल्थकेयर और क्लीन एनर्जी जैसे सेक्टर्स को भी राहत देने की कोशिश की गई है.
पीएम ने ये भी कहा कि MSME को ताकत देने के लिए बजट में कॉरपोरेट मित्रों के दस्ते को तैयार करने का ऐलान किया गया है, ताकि ट्रंप के टैरिफ का मुकाबला किया जा सके.
आजतक ब्यूरो