राष्ट्रीय अध्यक्ष चुनाव से पहले दिल्ली में आज होगा BJP के मुख्यमंत्रियों का जमावड़ा, पीएम मोदी करेंगे अध्यक्षता

बीजेपी ने दिल्ली में अपने सभी मुख्यमंत्रियों और उपमुख्यमंत्रियों का विशेष कॉन्क्लेव आयोजित करने का निर्णय लिया है, जिसका नेतृत्व प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी करेंगे. यह बैठक नए राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव से पहले संगठन की मजबूती और एकजुटता पर केंद्रित होगी. 20 जनवरी को अध्यक्ष चुना जाना है.

Advertisement
बीजेपी अध्यक्ष चुनाव से पहले पीएम मोदी संग मुख्यमंत्रियों की अहम बैठक दिल्ली में आयोजित होगी (Photo: PTI) बीजेपी अध्यक्ष चुनाव से पहले पीएम मोदी संग मुख्यमंत्रियों की अहम बैठक दिल्ली में आयोजित होगी (Photo: PTI)

मंजीत नेगी

  • नई दिल्ली,
  • 17 जनवरी 2026,
  • अपडेटेड 12:19 AM IST

भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने नए राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव से पहले एक महत्वपूर्ण संगठनात्मक कदम उठाया है. रविवार को दिल्ली में बीजेपी के सभी मुख्यमंत्रियों और उपमुख्यमंत्रियों का एक विशेष कॉन्क्लेव आयोजित किया जाएगा, जिसकी अध्यक्षता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी करेंगे. 

इस बैठक में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस सहित सभी बीजेपी शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों की उपस्थिति सुनिश्चित की गई है.

Advertisement

यह कॉन्क्लेव एक ऐसे समय में आयोजित हो रहा है जब पार्टी नेतृत्व में एक बड़ा बदलाव आने वाला है. लंबे समय तक पार्टी की कमान संभाल चुके जेपी नड्डा के बाद नए राष्ट्रीय अध्यक्ष के चयन की प्रक्रिया शुरू होने जा रही है. पार्टी इस बैठक के माध्यम से राज्यों के मजबूत नेताओं को एक मंच पर लाकर संगठन को नई दिशा देने की तैयारी में है.

पार्टी सूत्रों के अनुसार, वर्तमान राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नबीन के नाम पर लगभग सहमति बन चुकी है, और 20 जनवरी को उन्हें औपचारिक रूप से बीजेपी का नया राष्ट्रीय अध्यक्ष चुना जा सकता है. 46 साल के नितिन नबीन के नेतृत्व में पार्टी में युवा और सक्रिय नेतृत्व को बढ़ावा मिलने की संभावना है.

यह भी पढ़ें: नितिन नबीन 20 जनवरी को ले सकते हैं नड्डा की जगह, नए भाजपा अध्‍यक्ष के सामने होंगी ये 7 चुनौतियां

Advertisement

19 जनवरी को अध्यक्ष पद के लिए नामांकन दाखिल किए जाएंगे, जिसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी प्रस्तावक की भूमिका निभा सकते हैं. इससे पहले मुख्यमंत्रियों को दिल्ली बुलाना पार्टी के भीतर अनुशासन और निरंतरता का भी संदेश माना जा रहा है.

यह कॉन्क्लेव नए अध्यक्ष के चुनाव से पहले सभी राज्यों के समर्थन को सार्वजनिक करने का अवसर भी साबित होगा. साथ ही, यह बैठक आने वाले राजनीतिक संघर्षों के लिए पार्टी को मजबूत और एकजुट बनाने का मंच बनेगी. खरमास की समाप्ति के बाद बीजेपी अब अपने नए नेतृत्व के साथ भविष्य की तैयारियों में जुट चुकी है, तथा यह आयोजन पार्टी के आगामी राजनीतिक अभियान की दिशा निर्धारित करने में अहम साबित होगा.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement