'चुनाव नतीजों के बाद अब राहुल गांधी को कोई पप्पू नहीं बुलाएगा', बोले शरद पवार

राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) के मुखिया शरद पवार ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी की तारीफ की है. उन्होंने कहा कि लोकसभा चुनाव के नतीजों के बाद अब कोई भी राहुल गांधी को पप्पू नहीं बुलाएगा. उन्होंने राहुल गांधी को युवा पीढ़ी का प्रतिनिधि भी बताया.

Advertisement
शरद पवार ने की राहुल गांधी की तारीफ शरद पवार ने की राहुल गांधी की तारीफ

aajtak.in

  • मुंबई,
  • 29 जून 2024,
  • अपडेटेड 2:09 PM IST

लोकसभा चुनाव के दौरान महाराष्ट्र में महाविकास अघाडी (MVA) के शानदार प्रदर्शन करने के बाद एनसीपी (पी) के मुखिया शरद पवार गदगद हैं और आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों में जुटे हुए हैं. इस बीच राहुल गांधी को लेकर शरद पवार ने बड़ा बयान दिया है. पवार ने कहा कि लोकसभा चुनाव के नतीजों के बाद अब कोई राहुल गांधी को पप्पू नहीं बुलाएगा.

Advertisement

एक कार्यक्रम के दौरान शरद पवार ने कहा, 'यह अच्छा हुआ राहुल गांधी नेता प्रतिपक्ष बने. उनकी पार्टी का संख्याबल ज्यादा है. राहुल गांधी को युवा पीढ़ी का प्रतिनिधि चुना गया है. राहुल गांधी के बारे मे जो भी प्रचार किया गया वो मिथ्या साबित हुआ. अभी इस चुनाव के नतीजे के बाद उनको कोई अभी पप्पू नही बुलाएगा. उनके पास चुनाव मे संख्या बल है.'

यह भी पढ़ें: 'ब्रांड हमेशा ब्रांड होता है', अजित पवार के सांसद ने अपनी पार्टी को बताया 'असली', भड़की शरद पवार की NCP

महाराष्ट्र में एमवीए का रहा था शानदार प्रदर्शन

आपको बता दें कि लोकसभा चुनाव के दौरान महाराष्ट्र की कुल 48 लोकसभा सीट में से शिवसेना (यूबीटी), राकांपा (शरदचंद्र पवार) और कांग्रेस के गठबंधन महा विकास आघाड़ी (एमवीए) ने 30 सीटें जीतीं, जबकि भाजपा, शिवसेना और अजित पवार के नेतृत्व वाली राकांपा की महायुति 17 सीटों पर सिमट गई.

Advertisement

शरद पवार जमीनी स्तर पर मूल राकांपा कार्यकर्ताओं का समर्थन हासिल करने में सफल रहे हैं और उनके नेतृत्व वाली राकांपा (एसपी) ने महाराष्ट्र में जिन 10 लोकसभा सीट पर चुनाव लड़ा, उनमें से आठ पर जीत हासिल की और पार्टी का स्ट्राइक रेट 80 प्रतिशत रहा. 

बीजेपी को लगा था झटका

गौर करने वाली बात ये है कि 2019 के चुनाव में महाराष्ट्र में केवल एक लोकसभा सीट जीतने वाली कांग्रेस ने शानदार वापसी करते हुए 17 में से 13 सीट पर जीत हासिल की और पार्टी का स्ट्राइक रेट 75 प्रतिशत रहा. भाजपा ने 28 सीट पर चुनाव लड़ते हुए केवल नौ पर जीत हासिल की. मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व में भाजपा की सहयोगी शिवसेना ने 15 सीटों पर चुनाव लड़ा और सात सीट पर जीत हासिल की थी.

यह भी पढ़ें: 'अजित गुट के नेताओं को पार्टी में शामिल करने की कुछ शर्तें होंगी...', अटकलों के बीच बोले शरद पवार

(रिपोर्ट- दीपक सूर्यवंशी)

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement