शाहिद कपूर और तृप्ति डिमरी की 'ओ रोमियो' अभी तक बॉक्स ऑफिस पर जूझती नजर आ रही थी. शुक्रवार को सॉलिड स्टार्ट और शनिवार के जंप के बाद संडे को फिल्म कमजोर पड़ती नजर आई. इसका माहौल भी कमजोर पड़ता नजर आया. मगर चौथे दिन यानी मंडे को फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर सरप्राइज किया है. मंडे को मेकर्स ने फिल्म के टिकट पर एक खास ऑफर भी दिया था, मगर इसके बावजूद फिल्म का होल्ड नॉर्मल से बेहतर नजर आया.
'ओ रोमियो' का मंडे कलेक्शन
शुक्रवार को 9 करोड़ की ओपनिंग से शुरुआत करने वाली 'ओ रोमियो' ने शनिवार को करीब 60% का तगड़ा जंप लिया था. दूसरे दिन फिल्म ने 14.5 करोड़ का नेट कलेक्शन किया. मगर संडे को टी20 वर्ल्ड कप में भारत-पाकिस्तान के मैच से 'ओ रोमियो' के दर्शक कम हो गए.
तीसरे दिन फिल्म ने 11 करोड़ का कलेक्शन किया और पहला वीकेंड 34 करोड़ से ज्यादा कलेक्शन के साथ खत्म किया. मगर फिल्म का असली टेस्ट मंडे को होना था और ट्रेड रिपोर्ट्स बता रही हैं कि इस टेस्ट में फिल्म अच्छे नंबर्स से पास हुई है. चौथे दिन 'ओ रोमियो' ने 5 करोड़ का कलेक्शन किया है. शुक्रवार के मुकाबले ये होल्ड बहुत दमदार है. अब 4 दिन में 'ओ रोमियो' का नेट कलेक्शन 39 करोड़ से ज्यादा हो गया है.
सिर्फ ऑफर का कमाल या जनता का सरप्राइज?
'ओ रोमियो' के मेकर्स ने रिलीज के चौथे ही दिन यानी मंडे को टिकट पर 'एक के साथ एक फ्री' का खास ऑफर दे दिया. ऐसे ऑफर फिल्मों का फुटफॉल तो बढ़ाते ही हैं, भीड़ बढ़ने से बॉक्स ऑफिस कलेक्शन भी बेहतर होता है. लेकिन इसके बावजूद 'ओ रोमियो' का कलेक्शन उम्मीद से बेहतर नजर आता है.
अगर सच में जनता का इंटरेस्ट शाहिद की फिल्म में बढ़ रहा है, तो मेकर्स के लिए ये एक अच्छी खबर हो सकती है. क्योंकि 'ओ रोमियो' का बॉक्स ऑफिस कलेक्शन ठीकठाक स्पीड से आगे तो बढ़ रहा है, मगर फिल्म के 130 करोड़ बजट के लिहाज से ये बहुत दमदार नहीं कहा जा सकता. शाहिद की दमदार परफॉर्मेंस, दर्शकों की तारीफों के बावजूद वीकेंड में 'ओ रोमियो' की परफॉर्मेंस अनुमान से थोड़ी स्लो थी. संडे के कलेक्शन ने मेकर्स की टेंशन थोड़ी तो जरूर बढ़ाई होगी. इसलिए अगर वर्किंग डेज में 'ओ रोमियो' दर्शक जुटाने में कामयाब होती है, तो इसके कामयाब होने की उम्मीदें थोड़ी बढ़ेंगी.
फरवरी में कोई और बहुत बड़ी रिलीज नहीं है. इसलिए अगर 'ओ रोमियो' ने पकड़ बना ली तो इसके पास आने वाले करीब दो हफ्तों तक टिककर बॉक्स ऑफिस मीटर बढ़ाने का मौका है. अब देखना है कि क्या ये मंडे 'ओ रोमियो' के लिए गेम चेंजर साबित हो पाएगा या नहीं.
सुबोध मिश्रा