रायपुर में एक शादी समारोह के दौरान कथित हर्ष फायरिंग का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद बड़ा विवाद खड़ा हो गया है. वीडियो सामने आने के बाद छत्तीसगढ़ की कानून व्यवस्था को लेकर सवाल उठने लगे हैं. इस मामले ने राजनीतिक रंग भी ले लिया है और विपक्ष ने सरकार पर निशाना साधना शुरू कर दिया है. पुलिस ने पूरे मामले की जांच शुरू करने की बात कही है.
रिपोर्ट्स के मुताबिक यह शादी समारोह BJP नेता और मंडी सदस्य मोनिका सिंह के परिवार से जुड़ा बताया जा रहा है. कहा जा रहा है कि यह शादी उनके भाई प्रतीक सिंह की थी. शादी के दौरान कई मेहमानों को खुलेआम हवा में फायरिंग करते हुए देखा गया. समारोह में तेज संगीत और जश्न के बीच हथियार लहराने के वीडियो तेजी से वायरल हो गए.
वायरल वीडियो में शत्रुपूर्ण सिंह नाम के शख्स को भी देखा जा रहा है, जिन्हें BJP नेता सौरभ सिंह का करीबी बताया जा रहा है. वीडियो में महिलाएं और अन्य लोग भी पिस्टल और बंदूक लेकर फायरिंग करते दिखाई दे रहे हैं. सबसे ज्यादा चर्चा उस वीडियो की हो रही है, जिसमें एक बच्चा भी कथित तौर पर हथियार पकड़े नजर आ रहा है. इससे लोगों की चिंता और बढ़ गई है.
बताया जा रहा है कि शत्रुपूर्ण सिंह पर इससे पहले भी परिवार से जुड़े आयोजनों में फायरिंग करने के आरोप लग चुके हैं. हालांकि पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अभी तक इस मामले में कोई औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है. इसके बावजूद वायरल वीडियो को देखते हुए पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है.
रायपुर पुलिस कमिश्नरेट के अधिकारियों ने मीडिया को बताया कि सोशल मीडिया पर वायरल क्लिप्स की जांच की जा रही है. पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि वीडियो कब और कहां रिकॉर्ड किए गए थे. साथ ही यह भी देखा जा रहा है कि इस्तेमाल किए गए हथियार लाइसेंसी थे या नहीं. जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी.
इस घटना पर कांग्रेस ने भी तीखी प्रतिक्रिया दी है. कांग्रेस प्रवक्ता अभय नारायण ने राज्य की कानून व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा कि प्रभावशाली लोगों के खिलाफ कार्रवाई कमजोर दिखाई देती है. उन्होंने पूछा कि अगर लाइसेंसी हथियारों का इस्तेमाल सार्वजनिक समारोहों में इस तरह किया जाएगा तो फिर हथियार लाइसेंस देने का क्या औचित्य रह जाता है. उन्होंने राज्यभर में जारी हथियार लाइसेंस की समीक्षा की मांग भी की.
सोशल मीडिया पर भी इस मामले को लेकर लोगों की तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं. कई यूजर्स सवाल उठा रहे हैं कि क्या आम लोगों और प्रभावशाली परिवारों के मामलों में पुलिस का रवैया अलग होता है. फिलहाल, पुलिस ने कहा है कि जांच पूरी होने के बाद ही आगे की कानूनी कार्रवाई तय की जाएगी. इस पूरे मामले पर अब सबकी नजर जांच रिपोर्ट पर टिकी हुई है.
सुमी राजाप्पन