बिहार के मुजफ्फरपुर में रविवार शाम रेल सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े करने वाली बड़ी घटना सामने आई है. सोनपुर मंडल के मुजफ्फरपुर जंक्शन और रामदयालु नगर स्टेशन के बीच महज डेढ़ घंटे के भीतर वंदे भारत एक्सप्रेस समेत तीन ट्रेनों पर पथराव किया गया. इस घटना से यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई और कई लोग डर के कारण अपनी सीट छोड़कर इधर-उधर भागने लगे.
जानकारी के मुताबिक सबसे पहले ट्रेन संख्या 26501 पाटलिपुत्र-गोरखपुर वंदे भारत एक्सप्रेस को मझौलिया और खबरा इलाके के पास निशाना बनाया गया. पत्थरों की चोट से ट्रेन के तीन कोचों की खिड़कियों के शीशे आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हो गए. घटना के तुरंत बाद यात्रियों ने रेलवे प्रशासन और आरपीएफ को इसकी सूचना दी.
वंदे भारत पर पथराव के कुछ ही देर बाद इसी रेलखंड पर चल रही ट्रेन संख्या 15550, पटना-जयनगर इंटरसिटी एक्सप्रेस और ट्रेन संख्या 14006, लिच्छवी एक्सप्रेस पर भी पत्थर फेंके गए. दोनों ट्रेनों के कई कोचों के शीशे टूटने की सूचना है.
सीसीटीवी फुटेज की जांच
लगातार तीन ट्रेनों पर पथराव की खबर मिलते ही सोनपुर मंडल और रेल सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप मच गया. आरपीएफ और जीआरपी की टीमें तुरंत मौके पर सक्रिय हुईं और जांच शुरू कर दी गई. रेलवे सुरक्षा बल के अधिकारियों के अनुसार, वंदे भारत एक्सप्रेस में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले जा रहे हैं ताकि पत्थरबाजी करने वालों की पहचान की जा सके.
प्रारंभिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि रेलवे ट्रैक किनारे खेल रहे बच्चों ने शरारतन पत्थर फेंके होंगे. हालांकि रेल पुलिस किसी असामाजिक तत्व की संलिप्तता से भी इनकार नहीं कर रही है. जांच इस बात की भी की जा रही है कि घटना महज शरारत थी या किसी सुनियोजित साजिश के तहत ट्रेनों को निशाना बनाया गया.
रेल एसपी वीणा कुमारी ने बताया कि वंदे भारत एक्सप्रेस पर पत्थरबाजी की सूचना मिली है. उसी दौरान अन्य ट्रेनों पर भी पथराव की घटनाएं सामने आई हैं. उन्होंने कहा कि मामले में शिकायत दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है. जानकारी के अनुसार कुछ लोग रेलवे लाइन किनारे खड़े थे और ट्रेन गुजरने के दौरान उस पर पत्थर फेंके गए.
रेल एसपी ने साफ कहा कि ट्रेनों पर पत्थरबाजी करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा. सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान कर आगे की कार्रवाई की जाएगी.
मणिभूषण शर्मा