इस समय बॉलीवुड और शिवसेना के बीच छत्तीस का आंकड़ा चल रहा है. मुद्दा कोई भी हो, बॉलीवुड सेलब्स और शिवसेना एक दूसरे पर निशाना साधने का एक भी मौका नहीं छोड़ रहे हैं. अभी तक तो कंगना विवाद खत्म भी नहीं हुआ था कि एक नए वीडियो ने बवाल खड़ा कर दिया. वायरल वीडियो में शिवसेना के कुछ कार्यकर्ता पूर्व नेवी अफसर मदन शर्मा की बुरी तरह पिटाई कर रहे हैं.
शिवसेना के खिलाफ बॉलीवुड में गुस्सा
लगातार हो रही आलोचना के बाद इस मामले में गिरफ्तारियां तो की गई हैं, लेकिन सोशल मीडिया पर शिवसेना के खिलाफ जबरदस्त आक्रोश देखने को मिल रहा है. प्रीति जिंटा से लेकर अशोक पंडित तक, हर किसी ने शिवसेना की इस हरकत की निंदा की है. प्रीति सोशल मीडिया पर गुस्सा जाहिर करते हुए लिखती हैं- कुछ गुंडों ने मुंबई में एक 62 साल के पूर्व नेवी अफसर की पिटाई की, वो भी सिर्फ इसलिए क्योंकि उन्होंने एक राजनीतिक कार्टून शेयर किया. अब बोलने के अधिकार का क्या हुआ. अपने बुजुर्गों के सम्मान का क्या हुआ. बहुत दुख हो रहा है. ऐसा नहीं होना चाहिए था.
Goons in Mumbai beat a 62 year old retd 🇮🇳 Indian Navy Veteran black & blue cuz he forwarded a political cartoon on what’s app. Seriously ? What happened to freedom of speech? What happened to respecting our veterans? Very upset & sad to hear this.This is NOT OK.
— Preity G Zinta (@realpreityzinta)
अशोक पंडित ने भी शिवसेना पर निशाना साधते हुए लिखा है- एक दौर वो भी था जब बाल ठाकरे की हुंकार पर कोई उन पर उंगली नहीं उठा पाता था. वो इस राज्य के पिता थे. लेकिन अब उन्हीं के परिवार के शासन में डर लगता है, उम्मीट टूटती है. ये काफी दुखद है.
वहीं विवेक अग्निहोत्री ने तो शिवसेना को याद दिलाया है कि खुद बाल ठाकरे भी एक कार्टूनिस्ट थे. वे लिखते हैं- हैरानी तो इस बात की होती है कि बाल ठाकरे खुद लंबे समय तक एक कार्टूनिस्ट रहे हैं. फिर भी ऐसी घटना का होना.
Once upon a time there was who roared like a tiger and not one person could raise a finger at him. He was the father of this state, that today feels scared and hopeless under his very family's rule. It is a painful downfall.
— Ashoke Pandit (@ashokepandit)
Irony is that Balasaheb, father and leader of naughty Sainiks was a cartoonist himself.
— Vivek Ranjan Agnihotri (@vivekagnihotri)
Aghadi ne maari apne hi pair pe kulhadi. Unforgivable. Enough of these attacks on democracy. Enough of attacks on peoples freedom & dignity. Enough. No more!
— Suchitra Krishnamoorthi (@suchitrak)
वहीं डायरेक्टर आर प्रसन्ना को लगता है कि एक कार्टून के लिए किसी इंसान को मारना उस पार्टी की छोटी मानसिकता दिखाता है. उनके मुताबिक ऐसे कम ही राजनेता हैं जो इस नई दुनिया में खुद को संभाल पाते हैं.