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बीजापुर: नक्सलियों ने बंधक बनाए गए CRPF जवान राकेश्वर सिंह को 6 दिन बाद छोड़ा

बीजापुर में 6 दिन पहले बंधक बनाए गए कोबरा जवान राकेश्वर सिंह मनहास को नक्सलियों ने रिहा कर दिया है. CRPF ने जवान के उनके पास पहुंचने की पुष्टि की है.

नक्सलियों ने जवान को किया रिहा नक्सलियों ने जवान को किया रिहा
स्टोरी हाइलाइट्स
  • अमित शाह ने जवान, परिवार से बात की
  • जम्मू में जवान के परिवार में खुशी की लहर
  • बघेल का रिहाई अभियान में लगे लोगों को आभार 

बीजापुर में 6 दिन पहले बंधक बनाए गए कोबरा जवान राकेश्वर सिंह मनहास को नक्सलियों ने रिहा कर दिया है. CRPF ने जवान के उनके पास पहुंचने की पुष्टि की है.

सरकार ने गठित की थी मध्यस्थता टीम
कोबरा जवान राकेश्वर सिंह मनहास को छुड़ाने के लिए मध्यस्थता टीम गठित की थी. इसमें पद्मश्री धर्मपाल सैनी, गोंडवाना समाज के अध्यक्ष तेलम बोरैया शामिल थे. सैकड़ों गांववालों की मौजूदगी में राकेश्वर सिंह मनहास को रिहा किया गया.

मध्यस्थत धर्मपाल सैनी के साथ राकेश्वर सिंह
मध्यस्थ धर्मपाल सैनी के साथ राकेश्वर सिंह


जगदलपुर में बस्तर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक सुंदरराज पी. ने जानकारी दी कि जवान को रिहा कराने में सैनी और बोरैंया के अलावा माता रुक्मणि आश्रम जगदलपुर, आदिवासी समाज के कई लोगों और बीजापुर के पत्रकार गणेश मिश्रा और मुकेश चंद्राकर का सराहनीय योगदान रहा।

बासागुड़ा लेकर जा रहे मनहास को
राकेश्वर सिंह मनहास के रिहा होने के बाद उन्हें बासागुड़ा ले जाया जाना है. सीआरपीएफ के डीजी ने मनहास के उनके पास पहुंचने की पुष्टि की है. टेकलगुडेम मुठभेड़ के बाद नक्सलवादियों ने कोबरा 210वीं वाहिनी के जवान राकेश्वर सिंह मनहास का अपहरण कर लिया था. राकेश्वर सिंह मनहास का मेडिकल किया गया. CRPF के फील्ड अस्पताल के उन्हें कमजोरी और डिहाइड्रेशन का सामान्य उपचार दिया जा रहा है.

पत्रकार भी रिहा कराए
जवान की रिहाई के लिए मध्यस्थता कराने गयी दो सदस्यीय टीम ने बस्तर के 7 पत्रकारों को भी नक्सलियों के कब्जे से छुड़ा लिया है. नक्सलियों के बुलावे पर जवान को रिहा कराने बस्तर के बीहड़ में वार्ता दल समेत कुल 11 सदस्यीय टीम पहुंची थी.

पत्रकार के पीेछे राकेश्वर सिंह
पत्रकार के पीेछे राकेश्वर सिंह

जवान के परिवार में खुशी की लहर
जम्मू में जवान राकेश्वर सिंह की रिहाई की खबर के बाद उनके परिवार में खुशी की लहर है. उनकी पत्नी मीनू ने आजतक से कहा, ‘उन्हें पति की सुरक्षित वापसी की आधिकारिक सूचना मिल गई है. उनका स्वास्थ्य ठीक है. उनकी फोन पर बातचीत हुई है तो उन्होंने बस ब्लडप्रेशर की शिकायत की है.’

पत्नी को थी पति के लौटने की उम्मीद
मीनू ने कहा कि ये उनकी जिंदगी का सबसे खुशनुमा दिन है. उन्हें हमेशा से उम्मीद थी कि उनके पति वापस लौटेंगे. जिस दिन से उनके नक्सलियों के कब्जे़ में होने की खबर मिली थी उन्हें इसे लेकर उम्मीद बनी हुई थी. उन्होंने कहा कि वापस लौटने पर उनका अच्छे से स्वागत किया जाएगा. 

मां ने किया मोदी सरकार का धन्यवाद
जवान राकेश्वर सिंह की मां ने आजतक से बातचीत के दौरान उनके बेटे को वापस लेने में मोदी सरकार के प्रयासों का शुक्रिया अदा किया. उन्होंने कहा कि मोदी सरकार ने उनके बेटे का सुरक्षित घर लाने में बहुत मदद की है.

शाह ने रिहा हुए जवान से बात की
नक्सलियों के हाथों से छूटे कोबरा जवान राकेश्वर सिंह मनहास से गृह मंत्री अमित शाह ने बात की. उन्होंने जवान से उसके स्वास्थ्य का हालचाल लिया. गृह मंत्री अमित शाह ने कोबरा कमांडो राकेश्वर मनहास के परिवार से भी बात की.

बघेल ने जताया मध्यस्थों का आभार 
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने जवान के रिहा होने पर प्रसन्नता व्यक्त की है. उन्होंने रिहाई अभियान से जुड़े लोगों का आभार व्यक्त किया है. मुख्यमंत्री ने जवान की रिहाई के अभियान में सहयोगी बने धर्मपाल सैनी, अन्य सामाजिक  संस्थाओ के प्रतिनिधियों और स्थानीय पत्रकारों का आभार व्यक्त किया.

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