वॉशिंगटन डीसी के मेयर का चुनाव लड़ रही तमिलनाडु में जन्मीं साइबर सुरक्षा विशेषज्ञ रिनी संपत को अमेरिकन हिंदू कोएलिशन (AHC) ने अपना समर्थन दिया है. उनके समर्थन में एएचसी ने वॉशिंगटन के 'इस्कॉन ऑफ डीसी' मंदिर में एक विशेष बैठक आयोजित की, जिसमें समुदाय के कई दिग्गज नेता शामिल हुए.
अमेरिकन हिंदू कोएलिशन मैरीलैंड के कार्यकारी निदेशक अंकुर मिश्रा ने कहा कि रिनी की उम्मीदवारी एक ऐतिहासिक शुरुआत है. उन्होंने जोर दिया कि हिंदू समुदाय अब केवल मूकदर्शक नहीं है, बल्कि एक संगठित मोर्चा है जो स्थानीय सरकार के उच्चतम स्तर पर अपने मूल्यों का प्रतिनिधित्व सुनिश्चित कर रहा है. रिनी की उम्मीदवारी ऐतिहासिक है, लेकिन हमारी एकता ही इसे एक स्थायी आंदोलन बनाएगी.
रिनी का कहना है कि मेयर बनने पर उनकी प्राथमिकता शहर की बुनियादी सुविधाओं को दुरुस्त करना होगी. उन्होंने सड़कों के गड्ढे भरने, पोटोमैक नदी में अपशिष्ट जल के रिसाव को रोकने, महंगाई कम करने और आपातकालीन सेवा 911 के रिस्पॉन्स टाइम में सुधार करने का संकल्प लिया है. रिनी का मानना है कि डीसी को अपने निवासियों से किए गए मूल वादों को पूरा करना चाहिए.
रिनी संपाथ का जन्म तमिलनाडु के थेनी में हुआ था. सात साल की उम्र में वो अमेरिका आईं और पिछले एक दशक से ज्यादा वक्त से वाशिंगटन डीसी में रह रही हैं. रिनी एक साइबर सुरक्षा क्षेत्र की विशेषज्ञ हैं और वर्तमान में सरकारी ठेकेदार के रूप में काम करती हैं.
वॉशिंगटन डीसी में 1975 में मेयर चुनाव शुरू होने के बाद से अब तक केवल डेमोक्रेट्स का ही कब्जा रहा है. इस बार के चुनाव में रिनी के सामने जेनीस लुईस जॉर्ज और केन्या मैकडफी जैसे मजबूत प्रतिद्वंद्वी हैं, जिन्हें इस रेस में सबसे आगे माना जा रहा है. शहर का प्रशासन एक निर्वाचित मेयर और 13 सदस्यीय जिला परिषद द्वारा चलाया जाता है. इसके लिए प्राइमरी चुनाव 16 जून 2026 को होगा, जबकि आम चुनाव 3 नवंबर 2026 को प्रस्तावित है.
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