नेपाल में नई सरकार चुनने के लिए चल रही वोटिंग की प्रक्रिया अब पूरी तरह समाप्त हो गई है. Gen Z आंदोलन के बाद हो रहे इस पहले चुनाव में युवाओं के बीच जबरदस्त उत्साह देखने को मिला. शुरुआती आंकड़ों के मुताबिक, देश भर में करीब 60 प्रतिशत मतदान होने का अनुमान लगाया जा रहा है. इस बार करीब 1 करोड़ 90 लाख मतदाताओं ने अपने मताधिकार का इस्तेमाल किया, जिसमें युवाओं की बड़ी भागीदारी ने चुनाव को और भी दिलचस्प बना दिया है.
आज रात से शुरू होगी मतगणना
नेपाल चुनाव आयोग के मुताबिक, देश के ज्यादातर हिस्सों में मतदान पूरी तरह शांतिपूर्ण रहा. जिन शहरी और सुगम इलाकों में इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग या बेहतर व्यवस्था थी, वहां मतगणना आज रात से ही शुरू होने की संभावना है. यानी देर रात से ही रुझान आने शुरू हो सकते हैं.
हिमालयी और दुर्गम क्षेत्रों में भौगोलिक चुनौतियों की वजह से चुनावी प्रक्रिया में थोड़ा वक्त लगेगा. इन इलाकों से मतपेटियों को सुरक्षित तरीके से जिला मुख्यालय लाने का काम जारी है. उम्मीद है कि कल तक सभी मतपेटियां पहुंचने के बाद इन क्षेत्रों में भी वोटों की गिनती शुरू हो जाएगी.
ओखलढुंगा में झड़प और 13 राउंड फायरिंग
वोटिंग के दौरान लुंबिनी प्रदेश के ओखलढुंगा जिले से हिंसा की खबर आई. यहां एक पोलिंग बूथ पर दो गुटों के बीच झड़प हो गई, जिसके बाद स्थिति को संभालने के लिए सेना को मोर्चा संभालना पड़ा. तनाव इतना बढ़ा कि सुरक्षाबलों को 13 राउंड फायरिंग करनी पड़ी, जिसमें एक व्यक्ति घायल हो गया. इस घटना की वजह से संबंधित बूथ पर कुछ देर के लिए मतदान रोकना पड़ा था.
अस्पताल न बनने पर 701 वोटरों ने किया बहिष्कार
लोकतंत्र के इस उत्सव के बीच नाराजगी की एक तस्वीर भी सामने आई. ओखलढुंगा जिले की ही मानेभंज्यांग ग्राम पंचायत में ग्रामीणों ने वोटिंग का पूरी तरह बहिष्कार कर दिया. इस वार्ड में कुल 701 रजिस्टर्ड वोटर थे, लेकिन अस्पताल का भवन न बनने से नाराज लोगों ने एक भी वोट नहीं डाला. जिलाधिकारी मेखबहादुर मंग्राती ने इसकी पुष्टि करते हुए बताया कि लोगों ने विरोध स्वरूप वोट डालने से मना कर दिया.
मुख्य चुनाव आयुक्त ने जताया संतोष
नेपाल के मुख्य चुनाव आयुक्त राम प्रसाद भंडारी ने बताया कि कुछ छिटपुट घटनाओं को छोड़ दें, तो देश भर में माहौल उत्साहपूर्ण और शांतिपूर्ण रहा. उन्होंने मतदाताओं की भारी भागीदारी की सराहना करते हुए इसे सफल चुनाव बताया. हालांकि, उन्होंने यह भी साफ किया कि अंतिम आंकड़े आने में अभी थोड़ा समय लग सकता है.
पंकज दास / गणेश शंकर