ईरान अमेरिकी राष्ट्रपति के बयान और दावों के विपरीत ग्राउंड ऑपरेशन का जवाब देने के लिए गंभीर तैयारी कर रहा है. IRGC के खातम अल अंबिया सेंट्रल हेडक्वार्टर की ओर से जारी एक बयान में कहा गया है कि ईरान की जमीन पर पैर रखने वाले दुश्मन की टांगे काट दी जाएगी.
खातम अल अनाबिया सेंट्रल हेडक्वार्टर ईरान की सशस्त्र सेनाओं का जॉइंट ऑपरेशनल हेडक्वार्टर है.
ईरानी सरकारी मीडिया 'प्रेस टीवी' के अनुसार इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के 'खातम अल-अंबिया मुख्यालय' के प्रवक्ता ने मंगलवार को कहा कि देश के सशस्त्र बल देश पर हमला करने की कोशिश करने वाले किसी भी 'आक्रमणकारी' के पैर काट देंगे.
प्रेस टीवी ने खातम अल-अंबिया मुख्यालय के प्रवक्ता इब्राहिम ज़ुल्फिकारी के हवाले से कहा, "ईरान के सशस्त्र बल देश पर हमला करने वाले किसी भी आक्रमणकारी के पैर काट देंगे."
प्रवक्ता इब्राहिम ज़ुल्फिकारी ने कहा कि ईरान के दुश्मनों, अमेरिकी और इजरायल की इस स्ट्रेटेजिक गलती ने उन्हें बेइज्जत किया है और बर्बादी के रास्ते पर डाल दिया है. वे सोचते हैं है कि वे प्रोपेगैंडा वॉरफेयर, एडवांस्ड दिखने वाले मिलिट्री हथियारों और इक्विपमेंट के प्रदर्शन और बच्चों, महिलाओं, पुरुषों, साइंटिस्ट्स की हत्या के ज़रिए हमें रोक देंगे, लेकिन ऐसा नहीं होने वाला है.
इसके अलावे प्रेस टीवी ने अपनी रिपोर्ट में लिखा, "अमेरिका के जमीनी हमले की स्थिति में रूसी-चेचन टुकड़ियां ईरान में तैनात होने के लिए तैयार हैं.
इस बीच वॉल स्ट्रीट जर्नल की एक रिपोर्ट के अनुसार अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ईरान में अमेरिकी सैन्य अभियान को समाप्त करने पर विचार कर रहे थे, भले ही होर्मुज स्ट्रेट बंद ही क्यों न रहे.
ट्रंप ने अपने सहयोगियों को संकेत दिया कि वह चार से छह सप्ताह की समय-सीमा के भीतर ईरान के खिलाफ सैन्य अभियानों को समेटने के लिए तैयार हैं, भले ही होर्मुज़ जलडमरूमध्य ऑपरेशनल रूप से बंद ही क्यों न रहे.
इससे पहले ईरान की संसद के स्पीकर गालिबफ़ ने अमेरिका पर "चुपके से ज़मीनी हमले की साजिश रचने" का आरोप लगाया और भरोसा दिलाया कि तेहरान इसके लिए तैयार है. उन्होंने खाड़ी देशों को भी चेतावनी दी जो अमेरिका को अपनी जमीन से हमला करने की इजाजत दे रहे हैं, और कसम खाई कि वे इन क्षेत्रीय सहयोगियों को सजा देंगे. गालिबफ़ ने कहा, "दुश्मन खुले तौर पर दोस्ती के संदेश भेजता है, जबकि चुपके से जमीनी हमले की साजिश रचता है. हम उनके आने का इंतजार कर रहे हैं; हम उन्हें जलाकर राख कर देंगे और उनके क्षेत्रीय सहयोगियों को हमेशा के लिए सज़ा देंगे."
जंग के 32वें दिन ईरान में बड़े हमले और विस्फोट हुए हैं. तेहरान और इस्फहान में शक्तिशाली विस्फोट हुए हैं. अमेरिका-इजराइल की संयुक्त एयर स्ट्राइक्स जारी 32वें दिन भी जारी रहीं. इजराइली सेना ने पहले ही चेतावनी जारी कर दी थी कि सैन्य ठिकानों पर हमला होगा. इस्फहान में आग की लपटें उठती दिखीं. कई जगह बिजली की सप्लाई भी बाधित हुई. अमेरिका-इजराइल ने ईरान के मिसाइल प्रोडक्शन फैसिलिटीज, एयर डिफेंस सिस्टम और डिफेंस इंडस्ट्रियल साइट्स पर हमले जारी रखे हैं.
इधर ईरान ने पिछले 24 घंटे में 170 टारगेट्स पर हमला करने का दावा किया है. इजरायल में कई जगहों पर हमले हुए है.
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