अमेरिका और इजरायल द्वारा ईरान पर किए गए हमलों के बाद मिडिल ईस्ट एक बार फिर गंभीर युद्ध संकट की ओर बढ़ता नजर आ रहा है. ईरान ने जवाबी कार्रवाई में इजरायल और खाड़ी देशों में स्थित अमेरिकी सैन्य अड्डों को निशाना बनाते हुए मिसाइल हमले किए. इस तनाव का सीधा असर खाड़ी देशों में रह रहे आम लोगों पर पड़ रहा है. बहरीन में फंसे एक भारतीय ने आजतक से बातचीत में वहां के हालात का आंखों देखा हाल साझा किया. वीडियो कॉल के दौरान उसके पीछे मिसाइल गिरने और धुएं का गुबार उठने का दृश्य भी दिखाई दिया.
हरियाणा निवासी यह युवा पिछले तीन साल से बहरीन में आईटी प्रोफेशनल के तौर पर काम कर रहा है. हम सुरक्षा कारणों से उनके बारे में अधिक जानकारी नहीं साझा कर रहे हैं. उन्होंने बताया कि शनिवार सुबह करीब 11:30 बजे बहरीन के गृह मंत्रालय की ओर से अलर्ट जारी किया गया. इस अलर्ट में सभी नागरिकों और प्रवासियों को तुरंत सुरक्षित स्थानों और शेल्टर में जाने की सलाह दी गई. युवक के मुताबिक, अलर्ट मिलने के महज 10 से 15 मिनट के भीतर ही तेज धमाके की आवाज सुनाई दी, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई.
उन्होंने बताया कि सुरक्षा कारणों से इमारतों की लिफ्ट बंद कर दी गई थीं, जिसके चलते लोगों को सीढ़ियों के रास्ते बाहर निकाला गया. उन्होंने बाहर निकलते ही देखा कि बड़ी संख्या में लोग अपनी-अपनी इमारतों से सड़कों पर आ चुके थे. इसी दौरान कुछ और धमाकों की आवाजें भी सुनाई दीं. हरियाणा निवासी इस युवा ने बताया कि बहरीन में उनके रहने की जगह से कुछ ही दूरी पर अमेरिकी सैन्य अड्डा स्थित है. बाद में जानकारी मिली कि ईरान की ओर से दागी गईं मिसाइलों को एयर डिफेंस सिस्टम ने इंटरसेप्ट कर लिया, लेकिन कुछ मिसाइलें अमेरिकी बेस के पास गिरीं, जिसके बाद धमाके की आवाज सुनाई दी और आसमान में धुएं का बड़ा गुबार उठता दिखाई दिया.
युवक ने बताया कि बहरीन में शनिवार को दफ्तर बंद रहते हैं, लेकिन मौजूदा हालात को देखते हुए कंपनियां अपने कर्मियों को आने वाले कुछ दिनों तक कामकाज बंद रखने का संदेश भी भेज सकती हैं. फिलहाल टैक्सी सेवाएं, बाजार और अन्य पब्लिक प्लेस बंद नहीं हैं. अमेरिकी सैन्य अड्डे के आसपास रहने वाले लोग डर के माहौल में घरों से निकलकर सड़कों और सुरक्षित इलाकों की ओर जा रहे हैं. भारत लौटने को लेकर उन्होंने कहा कि फ्लाइट्स उपलब्ध नहीं हैं. खासकर अमेरिकी सैन्य अड्डों के आसपास रहने वाले लोग तेजी से दूसरे इलाकों की ओर मूव कर रहे हैं, ताकि किसी भी संभावित खतरे से बचा जा सके. भारत में परिवार काफी चिंतित है, लेकिन फिलहाल फ्लाइट्स बंद होने के कारण मेरा लौटना नहीं हो पा रहा.
आशीष श्रीवास्तव