झांसी के नया गांव इलाके में रहने वाले रामजी के लिए दूसरी शादी का फैसला उनके जिंदगी की सबसे बड़ी भूल साबित हुआ. पत्नी की मौत के बाद अकेलेपन से जूझ रहे रामजी को उनके अपने ही रिश्तेदार उमेश अहिरवार ने एक ऐसी दलदल में धकेल दिया, जहां से अब उन्हें सिर्फ बदनामी और डर मिल रहा है.
दरअसल, रामजी पत्नी की मौत के बाद अपनी वृद्ध मां के साथ रह रहे थे. रिश्तेदार उमेश अहिरवार ने उन्हें एक महिला से मिलवाया. उमेश ने दावा किया कि महिला रश्मि का ससुराल से अलगाव हो चुका है और वह दूसरी शादी करना चाहती है. भावनात्मक रूप से कमजोर स्थिति में मौजूद रामजी ने इस रिश्ते को सहारा समझकर स्वीकार कर लिया.
जल्दबाजी में मंदिर में शादी करा दी गई
शादी के बाद महिला लंबे समय तक पीड़ित के साथ रही, लेकिन उसने कभी वैवाहिक संबंध नहीं बनाए. वह घंटों फोन पर बात करती थी और हर बार दीदी से बात का बहाना बनाती रही. धीरे-धीरे बुजुर्ग को शक होने लगा, लेकिन भरोसे के कारण वह सच्चाई को नजरअंदाज करता रहा.
गर्भ, अस्पताल और फर्जीवाड़े से खुला राज
मामले में बड़ा मोड़ तब आया जब महिला बीमार होने का बहाना बनाकर घर से गई और बाद में झांसी मेडिकल कॉलेज में भर्ती पाई गई. जांच में सामने आया कि वह ढाई महीने के गर्भ से थी और यह गर्भ उसके कथित पति का नहीं, बल्कि उसी रिश्तेदार उमेश का था. पीड़ित का आरोप है कि अस्पताल में गर्भपात के दौरान उसके फर्जी हस्ताक्षर तक किए गए, जिससे साजिश की परतें और गहरी हो गईं.
झूठे मुकदमे का डर, घर छोड़ने को मजबूर
जब पीड़ित ने महिला को अपनाने से इंकार किया, तो आरोप है कि महिला, उसके प्रेमी और अन्य लोगों ने मिलकर उसके खिलाफ झूठी शिकायत कर दी. पुलिस कार्रवाई के डर से बुजुर्ग अपनी माँ के साथ घर पर ताला डालकर निकल गया.
ताला तोड़कर लाखों का माल समेट ले गई पत्नी
इसी दौरान महिला अपने प्रेमी और अन्य साथियों के साथ वापस आई और घर का ताला तोड़ दिया. आरोप है कि वह सोने-चांदी के जेवरात और करीब 1 लाख रुपये नकद लेकर फरार हो गई. स्थानीय लोगों ने उसे रोकने की कोशिश की, लेकिन उसने खुद को घर की मालकिन बताते हुए सारा सामान समेट लिया.
लॉज में साथ रहने के सबूत, खुद कबूला रिश्ता
पीड़ित का दावा है कि 19 फरवरी 2026 को महिला अपने प्रेमी उमेश के साथ झांसी के एक लॉज में रुकी थी, जिसका रिकॉर्ड भी उसके पास है. इतना ही नहीं, महिला ने खुद मैसेज कर यह स्वीकार किया कि वह अब अपने प्रेमी के साथ रह रही है और वापस नहीं आएगी.
उल्टा पीड़ित पर दबाव, 5 लाख और जमीन की मांग
पीड़ित का आरोप है कि आरोपियों ने न सिर्फ उसे लूटा, बल्कि अब उस पर 5 लाख रुपये और जमीन अपने नाम कराने का दबाव भी बना रहे हैं. झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देकर उसे लगातार मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है.
टूट गया भरोसा, बिखर गए अरमान
इस पूरे घटनाक्रम ने पीड़ित को अंदर से झकझोर कर रख दिया है. जिस रिश्ते को उसने अपने जीवन का सहारा समझा, वही उसके लिए सबसे बड़ा छल साबित हुआ. उम्र के इस पड़ाव पर जहां उसे साथ और सुकून की जरूरत थी, वहां उसे धोखा, डर और आर्थिक नुकसान मिला.
SSP से लगाई न्याय की गुहार
पीड़ित ने पूरे मामले की शिकायत वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक झांसी से की है और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है. हालांकि, अब तक ठोस कार्रवाई न होने से वह खुद को असुरक्षित महसूस कर रहा है और लगातार थाने से लेकर अफसरों के चक्कर काट रहा है.
वहीं, इस संबंध में प्रेम नगर थाना प्रभारी ने बताया कि, मामले की जांच की जा रही है, साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी.
अजय झा