कानपुर के महाराजपुर इलाके में रहने वाले सचिन सिंह ने अपनी पत्नी श्वेता सिंह की गला दबाकर हत्या कर दी. मूल रूप से फतेहपुर निवासी सचिन ने चार महीने पहले श्वेता से लव मैरिज की थी, लेकिन उसे पत्नी के चरित्र पर शक था. शुक्रवार रात सचिन ने श्वेता को दो इंजीनियरिंग छात्रों के साथ आपत्तिजनक स्थिति में देख लिया, जिसके बाद विवाद बढ़ा. पुलिस के हस्तक्षेप के बाद मामला शांत हुआ, लेकिन घर लौटकर पत्नी ने पकड़े गए लड़कों को छुड़वाने का दबाव बनाया. इससे गुस्साए सचिन ने श्वेता का गला घोंट दिया और पुलिस के पास जाकर जुर्म कबूल कर लिया.
खिड़की से देखा तो उड़ गए होश
सचिन ने पुलिस को बताया कि उसने शक होने पर एक जाल बिछाया और गांव जाने की बात कहकर घर से निकला. शुक्रवार रात जब वह अचानक वापस लौटा, तो खिड़की से देखा कि उसकी पत्नी बेड पर दो लड़कों के बीच लेटी हुई थी.
सचिन ने जब इसका वीडियो बनाना शुरू किया, तो पत्नी ने उन्हीं लड़कों से सचिन की पिटाई करवा दी. सूचना पर पहुंची पुलिस सभी को थाने ले गई, जहां सचिन ने समझौता कर मामला शांत करने की बात कही और घर लौट आया.
हत्या के बाद बेखौफ अंदाज में सरेंडर
घर पहुंचने पर श्वेता ने सचिन पर दबाव डाला कि वह पुलिस द्वारा पकड़े गए उन लड़कों को छुड़वाए, वरना वह उसे छोड़कर उन्हीं के साथ रहने चली जाएगी. इस बात से तिलमिलाए सचिन ने कंबल में लपेटकर श्वेता का गला घोंट दिया. सुबह 10:00 बजे वह थाने पहुंचा और पुलिस से कहा, "मैंने उसे मार डाला है, बॉडी कमरे में पड़ी है." पुलिस जब मौके पर पहुंची, तो वहां सचमुच श्वेता का शव बरामद हुआ.
मामले में पुलिस का बयान
जॉइंट पुलिस कमिश्नर आशुतोष कुमार का कहना है कि आरोपी पति को हिरासत में ले लिया गया है और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है. मामले की गहराई से जांच की जा रही है और मृतका के परिजनों को सूचित कर दिया गया है.
'बेवफाई की सजा दी, कोई अफसोस नहीं'
जेल जाते समय सचिन के चेहरे पर पछतावा नहीं था. उसने कहा कि उसने श्वेता के लिए अपना घर और परिवार छोड़ा, लेकिन उसने बेवफाई की. सचिन को बस इस बात का दुख है कि दो महीने बाद उसकी बहन की शादी है और वह उसमें शामिल नहीं हो पाएगा. उसने पुलिस के सामने साफ तौर पर कहा कि पत्नी ने उसकी आंखों के सामने दूसरे मर्दों से रिश्ते रखे और उसे अपमानित किया, इसलिए उसने यह कदम उठाया.
रंजय सिंह