गाजियाबाद के नंदग्राम थाना क्षेत्र में 16 मार्च को घर के बाहर से गायब हुई 4 वर्षीय मासूम की हत्या के मामले में पुलिस ने आरोपी गौरव प्रजापति को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया. बच्ची का शव रात करीब 9 बजे एक खेत में लहूलुहान हालत में मिला था, जिसकी अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई. आरोपी गौरव ने पूछताछ में बच्ची के साथ दुष्कर्म के बाद सिर पर ईंट से वार कर हत्या करने की बात कबूल की है. पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी मासूम के शरीर और प्राइवेट पार्ट पर गंभीर चोटों के निशान मिले हैं. बुधवार 18 मार्च को पुलिस आरोपी को झाड़ियों में छिपा रुमाल बरामद कराने ले गई थी, जहां उसने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी और जवाबी कार्रवाई में घायल हो गया.
दरिंदगी के बाद ईंट से कूचा सिर
आरोपी गौरव प्रजापति ने अपनी क्रूरता की हदें पार कर दी थीं. उसने मासूम बच्ची को अकेला पाकर उसे अपनी हवस का शिकार बनाया और पकड़े जाने के डर से उसके सिर पर ईंट से हमला कर उसे मौत के घाट उतार दिया.
पुलिस के मुताबिक, हत्या के बाद उसने अपने खून से सने हाथ एक रुमाल से साफ किए और उसे पास की झाड़ियों में फेंक दिया था. आरोपी इसी इलाके का रहने वाला है, जिस पर परिजनों ने पहले ही शक जाहिर किया था.
फरार होने की कोशिश में लगी गोली
बुधवार सुबह जब नंदग्राम पुलिस की टीम गौरव को लेकर घटनास्थल पर साक्ष्य जुटाने पहुंची, तो उसने वहां पहले से छिपाकर रखे अवैध हथियार से पुलिस पर जानलेवा हमला कर दिया. एसीपी जियाउद्दीन अहमद के अनुसार, पुलिस ने आत्मरक्षा में गोली चलाई जो आरोपी के दोनों पैरों में लगी. पुलिस ने मौके से अवैध तमंचा और कारतूस बरामद किए हैं.
मयंक गौड़