'UP के मुख्य सचिव महाकुंभ में मौत के लिए जिम्मेदार, जेल भेजा जाए...', योगी सरकार के विधायक की मांग

उत्तर प्रदेश के लोनी से बीजेपी विधायक नंद किशोर गुज्जर ने रविवार को महाकुंभ मेला में हुई भगदड़ मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की. उन्होंने कहा कि यह सिर्फ श्रद्धालुओं की मौत नहीं, बल्कि हत्या थी.

Advertisement
भगदड़ में 30 लोगों की मौत हो गई थी- फाइल फोटो भगदड़ में 30 लोगों की मौत हो गई थी- फाइल फोटो

aajtak.in

  • गाजियाबाद,
  • 03 फरवरी 2025,
  • अपडेटेड 7:34 AM IST

उत्तर प्रदेश के लोनी से बीजेपी विधायक नंद किशोर गुज्जर ने रविवार को महाकुंभ मेला में हुई भगदड़ मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की. उन्होंने कहा कि यह सिर्फ श्रद्धालुओं की मौत नहीं, बल्कि हत्या थी. उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से अपील की कि वे मुख्य सचिव और उनके सहयोगियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करें, क्योंकि वे महाकुंभ के बजट का लूटने के लिए जिम्मेदार हैं और उन्हें राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (NSA) के तहत जेल भेजा जाना चाहिए.

Advertisement

गुज्जर ने आरोप लगाया, 'मैं सीएम योगी आदित्यनाथ से आग्रह करता हूं कि महाकुंभ के बजट को लूटने के लिए मुख्य सचिव और उनके सहयोगियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करें. वे (महाकुंभ में) तीर्थयात्रियों की मौत के लिए जिम्मेदार हैं और उन्हें एनएसए के तहत जेल भेजा जाना चाहिए.'

'समाजवादी पार्टी के प्रभाव में काम कर रहे अधिकारी'
उन्होंने आरोप लगाया कि उत्तर प्रदेश के अधिकारी समाजवादी पार्टी के प्रभाव में काम कर रहे हैं. गुज्जर का यह बयान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के उस बयान के बाद आया, जिसमें उन्होंने महाकुंभ में किसी साजिश के तहत सनातन धर्म को नुकसान पहुंचाने की बात की थी.

'अधिकारी VIP परिवारों को प्राथमिकता दे रहे थे'
बता दें कि 29 जनवरी को प्रयागराज में महाकुंभ मेला में हुई भगदड़ में कम से कम 30 लोगों की मौत हो गई और 60 से ज्यादा लोग घायल हो गए थे. गुज्जर ने आरोप लगाया कि अधिकारी वीआईपी परिवारों को प्राथमिकता दे रहे थे, जबकि आम श्रद्धालु परेशान हो रहे थे. उन्होंने कहा, 'विधायक, अधिकारियों से ऊंचे पद पर हैं, उन्हें भी कतारों में खड़ा किया गया, जबकि अधिकारियों की पत्नियों को वीआईपी सुविधा दी गई.'

Advertisement

गौरतलब है कि घटना के बाद उत्तर प्रदेश सरकार ने एक तीन सदस्यीय न्यायिक आयोग का गठन किया है, जिसकी अध्यक्षता पूर्व न्यायधीश हर्ष कुमार करेंगे. इस आयोग में पूर्व पुलिस महानिदेशक वीके गुप्ता और रिटायर्ड आईएएस अधिकारी डीके सिंह भी शामिल हैं. आयोग ने अपनी जांच शुरू कर दी है. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मृतकों के परिवारों को 25 लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement