सोशल मीडिया और टेक्नोलॉजी के इस दौर में जहां प्लेटफॉर्म्स ने नई ऊंचाइयां हासिल की हैं, वहीं धोखाधड़ी के तरीके भी उतने ही आधुनिक हो गए हैं. इसी कड़ी में एक चौंकाने वाला वीडियो इन दिनों काफी वायरल हो रहा है. इसमें यूट्यूब जैसे बड़े प्लेटफॉर्म पर व्यूज बढ़ाने के स्कैम के भंडाफोड़ का दावा किया जा रहा है. जबकि, फैक्ट चेक में इस वीडियो की असलियत कुछ और ही निकली.
इस वायरल वीडियो में दावा किया गया था कि ब्राजील के रियो डी जेनेरो के मकाए (Macae) में 3 दिसंबर 2025 को अधिकारियों ने एक अवैध ऑपरेशन का खुलासा किया. जिसका वीडियो वायरल हो रहा है. यहां सैकड़ों इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस का इस्तेमाल किया जा रहा था, जिनके जरिए यूट्यूब म्यूजिक वीडियो के व्यूज को कृत्रिम तरीके से बढ़ाया जा रहा था. यह पूरा सेटअप इस तरह तैयार किया गया था कि प्लेटफॉर्म के एल्गोरिद्म को भ्रमित किया जा सके और वीडियो को ज्यादा लोकप्रिय दिखाया जा सके.
देखें वायरल वीडियो
इस वीडियो के जरिए यहां तक दावा किया गया था कि इन डिवाइस के जरिए एक ही कंटेंट को बार-बार प्ले कराया जाता था, जिससे व्यू काउंट तेजी से बढ़ता था. फैक्ट चेक में यह यूट्यूब व्यूज स्कैम का वीडियो ही AI जेनरेटेड निकला. फैक्ट चेक में पता चला कि ब्राजील में ऐसे किसी भी स्कैम का कोई खुलासा कभी नहीं हुआ था. यह पूरा वीडियो एआई से बनाया गया था.
देखें फैक्ट चेक वीडियो
इन दिनों AI जेनरेटेड वीडियो इतने सटीक लगते हैं कि इसके जरिए सोशल मीडिया पर अक्सर भ्रामक और दावे प्रसारित हो जाते हैं. इस वीडियो के साथ भी ऐसा ही हुआ. इसमें यूट्यूब व्यूज बढ़ाने के स्कैम का भंडाफोड़ का दावा किया गया था, जो खुद एआई जेनेरेटेड निकला.
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