नौवारी साड़ी में भारतीय महिला ने ली कनाडा की नागरिकता, बोली-जड़ों से रिश्ता नहीं टूटेगा

कनाडा में रहने वाली एक भारतीय महिला ने अपनी नागरिकता शपथ समारोह में पारंपरिक मराठी नौवारी साड़ी पहनकर हिस्सा लिया, जिसके बाद उनकी सांस्कृतिक जड़ों को सलाम करते हुए सोशल मीडिया पर उनकी खूब तारीफ की जा रही है.

Advertisement
कनाडा के राष्ट्रीय झंडों और फॉर्मल माहौल के बीच उनकी साड़ी और चाल अलग ही चमकती है (Photos: @divyalotlikar/Instagram) कनाडा के राष्ट्रीय झंडों और फॉर्मल माहौल के बीच उनकी साड़ी और चाल अलग ही चमकती है (Photos: @divyalotlikar/Instagram)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 30 जनवरी 2026,
  • अपडेटेड 5:52 PM IST

कनाडा में रहने वाली भारतीय मूल की दिव्या लटलिकर इन दिनों सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बनी हुई हैं. दिव्या ने अपने कनाडाई नागरिकता शपथ ग्रहण समारोह में पारंपरिक मराठी नौवारी साड़ी पहनकर हिस्सा लिया और इस खास पल का वीडियो इंस्टाग्राम पर शेयर किया. वीडियो तेजी से वायरल हो गया है.

दिव्या भारतीय मूल की हैं और उन्होंने भारत की नागरिकता छोड़कर कनाडा की नागरिकता स्वीकार की है, लेकिन वीडियो में उन्होंने साफ कहा कि वह अपनी जड़ों और परंपराओं को नहीं भूलना चाहतीं.

Advertisement

 'अपनी जड़ों को नहीं भूल रही'

इंस्टाग्राम पर वीडियो शेयर करते हुए दिव्या ने कैप्शन लिखा कि जहां हूं, उस पर गर्व है… लेकिन अपनी जड़ों को नहीं भूल रही. अपनी परंपरा को जीवित रख रही हूं.वीडियो की शुरुआत एक दुविधा से होती है—दिव्या सोच रही हैं कि समारोह में क्या पहनें? इसके बाद रील का खूबसूरत ट्रांजिशन दिखाता है कि उन्होंने अंत में पारंपरिक मराठी नौवारी साड़ी पहनने का फैसला किया. पारंपरिक गहनों, बन हेयरस्टाइल और आत्मविश्वास भरे अंदाज़ में दिव्या समारोह में पहुंचती हैं. कनाडा के राष्ट्रीय झंडों और फॉर्मल माहौल के बीच उनकी साड़ी और चाल अलग ही चमकती है.

देखें वायरल वीडियो

क्या है नौवारी साड़ी?

नौवारी साड़ी जिसे लुगडे या काष्ठा भी कहा जाता है.महाराष्ट्र की पारंपरिक साड़ी है, जिसकी लंबाई सामान्य छह गज की जगह नौ गज होती है.इसे खास धोती-स्टाइल में पहना जाता है, जिसमें पल्लू पैरों के बीच से पीछे की ओर टक किया जाता है. यह स्टाइल सुविधा, शक्ति, व्यावहारिकता और सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक माना जाता है.

Advertisement

वीडियो सामने आने के बाद यूजर्स ने दिव्या की जमकर तारीफ की. एक यूजर ने लिखा कि ट्रडिशन और अचीवमेंट एक ही फ्रेम में… कमाल! कुछ यूजर्स ने दिव्या के नागरिकता बदलने पर सवाल उठाए.एक यूजर ने लिखा कि सिर्फ जिज्ञासा से पूछ रहा हूं… अगर कोई अपने देश पर गर्व करता है और उससे प्यार करता है, तो दूसरी देश की नागरिकता की जरूरत क्यों पड़ती है? अगर आप एक देश के नागरिक होकर दूसरे देश का समर्थन करते हैं, तो क्या यह राष्ट्र-विरोधी नहीं माना जाएगा.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement