'उन्हें रणजी टीम का कोच बनना चाहिए...', गौतम गंभीर की कोचिंग स्टाइल पर मोंटी पनेसर ने उठाए सवाल, शुभम गिल को भी सुनाई खरी-खरी

गौतम गंभीर की कोचिंग स्टाइल सवालों के घेरे में रहती है. गौतम गंभीर के अंडर भारतीय टीम टेस्ट क्रिकेट में कुछ खास नहीं कर पा रही है. अब पूर्व इंग्लिश स्पिनर मोंटी पनेसर ने गंभीर पर निशाना साधा है.

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गौतम गंभीर की कोचिंग में भारत का टेस्ट में निराशाजनक प्रदर्शन रहा है. (Photo: Getty) गौतम गंभीर की कोचिंग में भारत का टेस्ट में निराशाजनक प्रदर्शन रहा है. (Photo: Getty)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 29 दिसंबर 2025,
  • अपडेटेड 2:32 PM IST

गौतम गंभीर की कोचिंग में भारतीय टीम टी20 और वनडे क्रिकेट में तो अच्छा प्रदर्शन कर रही है, लेकिन टेस्ट क्रिकेट में टीम का परफॉर्मेस खास नहीं रहा है. हाल ही में भारतीय टीम को अपने घर पर साउथ अफ्रीका के खिलाफ टेस्ट सीरीज में 0-2 से करारी शिकस्त झेलनी पड़ी थी. वहीं पिछले साल न्यूजीलैंड के हाथों भी भारत तीन मैचों की टेस्ट सीरीज में 0-3 से हार गया था.

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टेस्ट क्रिकेट में भारतीय टीम के खराब प्रदर्शन के चलते गौतम गंभीर आलोचकों के निशाने पर हैं. अब इंग्लैंड के पूर्व क्रिकेटर मोंटी पनेसर ने भारतीय क्रिकेट टीम के हेड कोच गौतम गंभीर को लेकर बड़ा बयान दिया है. पनेसर का मानना है कि अगर गंभीर को रेड-बॉल क्रिकेट में बेहतर कोच बनना है, तो उन्हें रणजी टीम का कोच बनकर अनुभव हासिल करना चाहिए.

मोंटी पनेसर की यह टिप्पणी ऐसे समय आई है, जब मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया कि बीसीसीआई (भारतीय क्रिकेट नियंत्रण बोर्ड) ने वीवीएल लक्ष्मण से गंभीर की जगह रेड-बॉल कोच बनने को लेकर संपर्क किया है, हालांकि बोर्ड के सचिव देवजीत सैकिया ने इन खबरों को सिरे से खारिज कर दिया था.

यह भी पढ़ें: गौतम गंभीर की जगह वीवीएस लक्ष्मण बनेंगे टेस्ट टीम के हेड कोच? अफवाहों पर BCCI ने तोड़ी चुप्पी

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समाचार एजेंसी एएनआई से बातचीत में मोंटी पनेसर ने कहा कि गौतम गंभीर को रणजी ट्रॉफी के अनुभवी कोचों से बातचीत करनी चाहिए, ताकि वह समझ सकें कि टेस्ट क्रिकेट के लिए टीम कैसे तैयार की जाती है. उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि फिलहाल भारतीय टीम टेस्ट क्रिकेट में कमजोर है.

टीम को दोबारा खड़ा करने में समय लगेगा: पनेसर
मोंटी पनेसर ने कहा कि विराट कोहली, रोहित शर्मा और रविचंद्रन अश्विन जैसे दिग्गजों के संन्यास के बाद टीम को फिर से स्थिर करने में समय लगेगा. उन्होंने यह भी याद दिलाया कि भारत को हाल ही में साउथ अफ्रीका के खिलाफ घरेलू टेस्ट सीरीज में 0-2 से हार का सामना करना पड़ा, जो गंभीर के कोच रहते भारत में दूसरी सीरीज हार है.

मोंटी पनेसर ने कहा, गौतम गंभीर व्हाइट-बॉल क्रिकेट में अच्छे कोच हैं और वहां सफल भी रहे हैं. हालंकि उन्हें रणजी का कोच बनने से फायदा हो सकता है. उन्हें रणजी ट्रॉफी में कोचिंग दे चुके कोचों से बात करनी चाहिए. इस वक्त भारतीय टीम टेस्ट क्रिकेट में कमजोर है और यह सच्चाई है. तीन बड़े खिलाड़ियों के संन्यास के बाद बाकी खिलाड़ियों को तैयार रखना आसान नहीं होता.'

मोंटी पनेसर ने टेस्ट और वनडे टीम के कप्तान शुभमन गिल पर भी सवाल खड़े किए. उन्होंने गिल को कॉम्प्लेसेंट (लापरवाह) खिलाड़ी बताते हुए कहा कि उनमें विराट कोहली जैसी आक्रामकता और तीव्रता की कमी है. पनेसर ने कहा कि शुभमन गिल में प्रतिभा तो है, लेकिन वह कई बार आलसी शॉट्स खेलते हैं.

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उन्होंने कहा, 'विराट कोहली की आक्रामकता हर फॉर्मेट में दिखती है, लेकिन शुभमन गिल वैसा नहीं कर पाते. तीनों फॉर्मेट की कप्तानी का बोझ उनके लिए बहुत ज्यादा है.' गौरतलब है कि रोहित शर्मा के संन्यास के बाद शुभमन गिल को टेस्ट टीम की कमान सौंपी गई थी, जबकि बाद में उन्हें वनडे टीम का कप्तान भी बनाया गया.

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