इस युद्ध ने मध्य पूर्व के देशों की अर्थव्यवस्था पर गहरा असर डाला है. समुद्री मार्ग के बंद होने से यूएई, सऊदी अरब, कतर, कुवैत, बहरेन, इराक, और ओमान जैसे देशों को खाद्य सामग्री और तेल की आपूर्ति बंद हो गई है. ये देश ज्यादातर अनाज, सब्जियों और दालों के लिए दूसरे देशों पर निर्भर हैं. उदाहरण के लिए यूएई और कतर की 90% खाद्य सामग्री आयात पर निर्भर है. इसी तरह बहरेन 85%, इराक 70%, सऊदी अरब 80%, कुवैत 95%, ओमान 75% और ईरान 25% आयात पर निर्भर हैं. इन कारणों से इन देशों की अर्थव्यवस्था कमजोर हो रही है और आर्थिक मंदी लंबे समय तक बनी रहने की आशंका है.