हिमंत सरमा ने कांग्रेस के लोगों की समझदारी पर सवाल उठाए और राहुल गांधी को पागल बताया गया है. साथ ही पवन खैरा की तुलना राहुल गांधी से ज्यादा पागल होने के रूप में की गई है. राजनीतिक दृष्टिकोण से यह बयान दिलचस्प है क्योंकि इसमें नेतृत्व के बारे में तीखा व्यंग्य शामिल है.