Shani Nakshtra Parivartan 2026: अक्षय तृतीया से पहले शनि बदलेंगे अपनी चाल, इन राशियों का शुरू होगा 'स्वर्णिम काल'

Shani Nakshtra Parivartan 2026: अक्षय तृतीया से पहले शनिदेव का नक्षत्र परिवर्तन होने वाला है, जिससे कई राशियों के जीवन में बदलाव देखने को मिल सकता है. ज्योतिष के अनुसार यह परिवर्तन कई राशियों के लिए लाभकारी साबित हो सकता है. जानिए इसका असर और शनिदेव को प्रसन्न करने के आसान उपाय.

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अक्षय तृतीया से इन राशियों को मिलेगा शनिदेव का आशीर्वाद (Photo: ITG) अक्षय तृतीया से इन राशियों को मिलेगा शनिदेव का आशीर्वाद (Photo: ITG)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 15 अप्रैल 2026,
  • अपडेटेड 11:01 AM IST

Shani Nakshtra Parivartan 2026: 19 अप्रैल को अक्षय तृतीया का पर्व मनाया जा रहा है और ठीक 2 दिन पहले 17 अप्रैल को शनि नक्षत्र परिवर्तन करने जा रहे हैं. इस दिन शनि उत्तराभाद्रपद नक्षत्र में प्रवेश करेंगे और 17 मई तक इसी नक्षत्र में रहेंगे. ज्योतिषविदों का कहना है कि अक्षय तृतीया से पहले शनि का यह नक्षत्र परिवर्तन कुछ राशियों के लिए बहुत ही लकी माना जा रहा है और शुभ परिणाम लेकर आने वाला है. आइए जानते हैं कि शनि पद नक्षत्र परिवर्तन किन राशियों के लिए लाभकारी रहने वाला है. 

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वृषभ राशि

शनि का पद नक्षत्र परिवर्तन सकारात्मक संकेत लेकर आ सकता है. करियर में नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं. मेहनत का फल मिलने लगेगा. आर्थिक स्थिति में सुधार होगा. रुका हुआ धन भी वापस मिल सकता है.

मिथुन राशि

यह समय आपके लिए संतुलन और सफलता लेकर आ सकता है. साझेदारी में लाभ होगा. नए कॉन्ट्रैक्ट मिल सकते हैं. रिश्तों में सुधार देखने को मिलेगा. किसी नए कार्य की शुरुआत कर सकते हैं

सिंह राशि

सिंह राशि वालों के लिए भाग्य का साथ मिलने के योग हैं. लंबे समय से अटके काम पूरे हो सकते हैं. नौकरी और बिजनेस में अच्छे मौके मिलेंगे. समाज में मान-सम्मान बढ़ेगा.

कन्या राशि

आपके लिए यह परिवर्तन राहत भरा रहेगा. मानसिक तनाव कम होगा. आर्थिक स्थिति मजबूत हो सकती है. परिवार में खुशियों का माहौल रहेगा. खर्चें कंट्रोल में रहेंगे.

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धनु राशि

धनु राशि के लोगों के लिए यह समय करियर ग्रोथ का हो सकता है. प्रमोशन या नई नौकरी के योग बन रहे हैं. यात्रा से भी लाभ मिल सकता है.

शनिदेव को प्रसन्न करने के उपाय

शनिदेव को प्रसन्न करने के लिए सरसों के तेल का दीपक जलाएं, काले तिल और तेल का दान करें, हनुमान जी की पूजा करें, शनिदेव के मंत्रों का जाप करें, कौओं को भोजन कराएं और अपने कर्मों में सुधार करें.

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