जयपुर के करधनी थाना क्षेत्र में प्लास्टिक के बोरे में मिले अधजले शव के मामले का पुलिस ने महज 12 घंटे में सनसनीखेज खुलासा कर दिया है. इस मामले में मृतक की पत्नी को हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया गया है, जबकि उसके नाबालिग बेटे को साक्ष्य मिटाने के आरोप में निरुद्ध किया गया है. पुलिस के अनुसार आरोपी पत्नी ने वारदात के बाद पुलिस को गुमराह करने की कोशिश भी की, लेकिन जांच के दौरान सच्चाई सामने आ गई.
डीसीपी वेस्ट प्रशांत किरण ने बताया कि 2 अप्रैल को करधनी थाना क्षेत्र के शिवनगर बाईपास के पास बोरे में अधजला शव मिलने की सूचना मिली थी. मौके पर पहुंची पुलिस टीम ने देखा कि शव को बुरी तरह जलाकर पहचान मिटाने की कोशिश की गई थी. शव का कुछ हिस्सा बोरे के अंदर और कुछ बाहर पड़ा मिला, जिससे मामला बेहद संदिग्ध प्रतीत हुआ.
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घटना के बाद पुलिस ने आसपास के इलाके में जांच शुरू की और सुराग जुटाने के लिए तकनीकी साक्ष्यों की मदद ली.
CCTV फुटेज से खुला राज
जांच के दौरान आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए. फुटेज में एक महिला और एक किशोर रात करीब 3 बजे साइकिल रिक्शा में बोरे में शव लेकर आते और उसे सुनसान जगह पर फेंकते हुए दिखाई दिए. इसके बाद पुलिस ने फुटेज के आधार पर दोनों की पहचान कर उनकी तलाश शुरू की.
जांच आगे बढ़ने पर मृतक की पहचान पश्चिम बंगाल निवासी 35 वर्षीय शेख साहन के रूप में हुई, जो जयपुर में रह रहा था. पुलिस पूछताछ में सामने आया कि वह शराब के नशे में अक्सर पत्नी और बच्चों के साथ मारपीट करता था. सख्ती से पूछताछ के दौरान आरोपी पत्नी मौसमी टूट गई और उसने अपना अपराध कबूल कर लिया.
हत्या की पूरी साजिश
आरोपी पत्नी ने पुलिस को बताया कि पति की रोजाना मारपीट से तंग आकर 2 अप्रैल की रात उसने पहले हथौड़े से उसके सिर पर वार किया और फिर रस्सी से गला दबाकर उसकी हत्या कर दी. हत्या के बाद उसने अपने नाबालिग बेटे के साथ मिलकर शव को प्लास्टिक के बोरे में भरा.
इसके बाद दोनों साइकिल रिक्शा के जरिए शव को सुनसान स्थान तक ले गए और वहां फेंक दिया. पहचान छिपाने के लिए शव पर पेट्रोल डालकर आग लगा दी, ताकि पुलिस को गुमराह किया जा सके.
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी महिला कचरा बीनने का काम करती थी, जिससे उसे शहर के सुनसान और डंपिंग यार्ड वाले इलाकों की अच्छी जानकारी थी.
गिरफ्तारी और आगे की जांच
इसी जानकारी का फायदा उठाकर उसने शव को ठिकाने लगाने की साजिश रची. मामले का खुलासा होने के बाद पुलिस ने आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया है.
नाबालिग बेटे को बाल संरक्षण नियमों के तहत निरुद्ध किया गया है. पुलिस का कहना है कि मामले की आगे की जांच जारी है और सभी पहलुओं की गहनता से पड़ताल की जा रही है.
विशाल शर्मा