सड़क पर तड़पते युवक को देख कृषि मंत्री शिवराज ने रुकवा दिया काफिला, खुद की गाड़ी से पहुंचवाया अस्पताल

शिवराज सिंह चौहान भोपाल से ग्वालियर जा रहे थे. इस दौरान उन्हें एक युवक सड़क पर गिरा मिला. जबकि उसे भीड़ ने घेर रखा था. हालांकि, जैसे ही शिवराज सिंह की नजर उस पर पड़ी उन्होंने अपना काफिला रुकवा दिया और खुद की गाड़ी से उसे अस्पताल पहुंचवाया.

Advertisement
कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान. (File Photo: ITG) कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान. (File Photo: ITG)

aajtak.in

  • भोपाल,
  • 28 फरवरी 2026,
  • अपडेटेड 9:52 AM IST

मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और मौजूदा केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने एक फिर मिशाल पेश की है. जिसकी लोग तारीफ कर रहे हैं. हुआ ये कि वह भोपाल से ग्वालियर जा रहे थे, इस दौरान एक युवक सड़क पर घायल पड़ा था, जबकि उसे भीड़ ने घेरकर रखा था. इस दौरान जब शिवराज सिंह की नजर पड़ी तो उन्होंने अपना काफिला रुकवा दिया और खुद अपनी गाड़ी से युवक को अस्पताल पहुंचवाया. इसको लेकर उन्होंने खुद एक्स पर एक पोस्ट किया है.

Advertisement

एक्स पर किए पोस्ट में उन्होंने लिखा कि मैं भोपाल से ग्वालियर की ओर एक कार्यक्रम में शामिल होने जा रहा था. रास्ते में सड़क किनारे एक घायल युवक अचेत अवस्था में दिखाई दिया. चारों ओर भीड़ थी, लोग खड़े थे, देख रहे थे. पर कोई आगे नहीं बढ़ रहा था. मैंने तुरंत गाड़ी रुकवाई. घायल युवक के पास पहुंचा और अपनी गाड़ी में तत्काल अस्पताल पहुंचाया. साथ ही डॉक्टर से बातचीत कर समुचित उपचार की व्यवस्था की.

यह भी पढ़ें: क्या आएगा और क्या जाएगा? India–US ट्रेड डील में शिवराज ने गिनाए किसानों के फायदे

शिवराज ने लोगों से की ये अपील

हमने अक्सर देखा है कि इस तरह की घटनाओं में हम मदद के लिए हाथ बढ़ाने की बजाय तमाशबीन बनकर देखते रहते हैं, जिससे कीमती समय व्यर्थ हो जाता है और घायल व्यक्ति का जीवन खतरे में पड़ जाता है. एक अध्ययन के अनुसार हर वर्ष लगभग डेढ़ लाख से अधिक लोग सड़क दुर्घटनाओं में अपनी जान गंवाते हैं. विशेषज्ञ बताते हैं कि यदि घायल को ‘गोल्डन ऑवर’ में उपचार मिल जाए, तो लगभग 50% जीवन बचाए जा सकते हैं.

Advertisement

सोचिए, हमारी छोटी सी मदद और समय पर बढ़ाया गया एक हाथ कितनी माताओं की गोद सूनी होने से बचा सकता है. कितने बच्चों के सिर से पिता का साया हटने से रोक सकता है और कितनी बहनों के विश्वास को टूटने से बचा सकता है. मित्रों, किसी का जीवन बचाना सबसे बड़ा पुण्य है. सेवा ही सच्चा धर्म है और परोपकार ही हमारा कर्तव्य है. जब भी ऐसी स्थिति सामने आए तो आगे बढ़िए और मदद कीजिए. आपकी एक मदद किसी का जीवन बचा सकती है.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement