How to Make Pahadi Chaach: ठंडी-ठंडी लस्सी और छाछ गर्मी से राहत पाने के लिए सबसे पहले याद आते हैं. यह दोनों पीने में भी बहुत टेस्टी लगती है और शरीर को भी ठंडक देते हैं. गांवों और पहाड़ी इलाकों में आज भी लोग कई पारंपरिक ड्रिंक का सेवन करते हैं, जो न सिर्फ टेस्ट में बेहतरीन होते हैं बल्कि सेहत के लिए भी बेहद फायदेमंद माने जाते हैं. उन्हीं में से एक है पहाड़ी छाछ.
पहाड़ों में रहने वाले लोग इसे रोजाना की जिंदगी का हिस्सा मानते हैं. खेतों में काम करने के बाद या दोपहर की तेज धूप में एक गिलास ठंडी पहाड़ी छाछ शरीर को तुरंत राहत देती है. पहाड़ी छाछ की खासियत यह होती है कि इसमें देसी मसालों और ताजी सब्जियों का इस्तेमाल किया जाता है, जिससे इसका स्वाद साधारण छाछ से बिल्कुल अलग और ज्यादा ताजगी भरा लगता है.
क्या खास है पहाड़ी भूटि छाछ में?
साधारण छाछ तो लगभग हर घर में बनती है, लेकिन पहाड़ी भूटि छाछ का स्वाद इसके खास तड़के और पहाड़ी नमक की वजह से बिल्कुल अलग हो जाता है. इसमें सरसों के तेल, राई और सूखी लाल मिर्च का तड़का लगाया जाता है, जो इसे देसी फ्लेवर देता है. यही वजह है कि इसे पीते ही ताजगी महसूस होती है.
घर पर ऐसे बनाएं भूटि छाछ
गर्मियों के लिए क्यों है फायदेमंद?
पहाड़ी भूटि छाछ सिर्फ टेस्ट में ही बेहतरीन नहीं होती, बल्कि शरीर को ठंडा रखने में भी मदद करती है. छाछ पेट को हल्का रखती है और गर्मी की वजह से होने वाली थकान को कम करने में मदद करती है. दोपहर के खाने के साथ इसे पीने से ताजगी बनी रहती है और शरीर में पानी की कमी भी नहीं होती.
आजतक लाइफस्टाइल डेस्क