दिख जाए फन पर गोल निशान तो हो जाएं सावधान! यही है चंद्रनाग की पहचान

क्या आपने कभी 'चंद्रनाग' सांप का नाम सुना है? भारत के कई इलाकों में इस नाम से पहचाने जाने वाले मोनोकल्ड कोबरा को बेहद जहरीला माना जाता है.

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(Photo : Getty) (Photo : Getty)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 16 मई 2026,
  • अपडेटेड 1:08 PM IST

भारत के कई हिस्सों में सांपों को स्थानीय नामों से जाना जाता है. इन्हीं में से एक नाम 'चंद्रनाग' भी है, जिसे लोग अक्सर फन वाले या धारियों वाले सांपों के लिए इस्तेमाल करते हैं. यही वजह है कि कई बार लोग अलग-अलग प्रजातियों के सांपों को एक ही नाम से पहचान लेते हैं. वैज्ञानिक तौर पर चंद्रनाग को अक्सर मोनोकल्ड कोबरा माना जाता है, जो बेहद जहरीला सांप है और भारत के पूर्वोत्तर इलाकों समेत दक्षिण-पूर्व एशिया में पाया जाता है.

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फन पर बना गोल निशान सबसे बड़ी पहचान

 मोनोकल्ड कोबरा की सबसे खास पहचान उसके फन पर बना गोल निशान होता है. जब यह सांप खतरा महसूस करता है, तो अपना फन फैलाता है. उसके पीछे 'O' या गोल आकार जैसा निशान दिखाई देता है. इसी वजह से इसे मोनोकल्ड कोबरा कहा जाता है.

यह भारतीय चश्मेवाले कोबरा से अलग होता है, क्योंकि उसमें चश्मे जैसा डबल निशान दिखाई देता है, जबकि चंद्रनाग में सिर्फ एक गोल निशान होता है. हालांकि कई बार यह निशान हल्का या अधूरा भी हो सकता है, जिससे पहचान करना मुश्किल हो जाता है.

 

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शरीर का रंग बदल सकता है

बहुत से लोग सोचते हैं कि चंद्रनाग का रंग हमेशा एक जैसा होता है, लेकिन ऐसा नहीं है. जर्नल ऑफ इवोल्यूशनरी बायोलॉजी और टॉक्सिकॉन इसका रंग पीला-भूरा, जैतूनी, स्लेटी, गहरा भूरा या लगभग काला भी हो सकता है. छोटे सांपों में धारियां और पैटर्न ज्यादा साफ दिखाई देते हैं, जबकि बड़े होने पर शरीर साधारण रंग का लग सकता है.इसी वजह से कई बार लोग इसे दूसरे गैर-जहरीले सांपों से भी भ्रमित कर बैठते हैं.

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फन और हावभाव से होती है पहचान

चंद्रनाग का शरीर चिकना होता है और खतरा महसूस होने पर यह सिर उठाकर फन फैला लेता है. यह जोर से फुफकारता भी है. इसका सिर ज्यादा त्रिकोणीय नहीं होता, बल्कि थोड़ा अंडाकार दिखाई देता है. यही व्यवहार इसे दूसरे सामान्य सांपों से अलग बनाता है.

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कहां छिपना पसंद करता है?

यह सांप खेतों, जंगलों, दलदली इलाकों और इंसानी बस्तियों के आसपास भी पाया जा सकता है. चूहों के बिल, पुराने मकान, पेड़ों के खोखले हिस्से और कचरे के ढेर इसकी पसंदीदा जगहें मानी जाती हैं. मानसून के दौरान यह ज्यादा नजर आ सकता है.

सावधानी सबसे जरूरी

वन्यजीव विशेषज्ञों के अनुसार सिर्फ रंग या स्थानीय नाम के आधार पर किसी भी सांप की पहचान करना खतरनाक हो सकता है. कई गैर-जहरीले सांप भी दिखने में जहरीले सांपों जैसे लगते हैं. अगर घर या आसपास कोई अज्ञात सांप दिखे, तो उसे छूने या पकड़ने की कोशिश न करें और तुरंत वन विभाग या प्रशिक्षित स्नेक रेस्क्यू टीम से संपर्क करें.
 

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