PM मोदी को महबूबा की चिट्ठी, PoK को बताया पा‍क प्रशासित कश्मीर

पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी की अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती ने शनिवार को एक चिट्ठी लिखी. ये चिट्ठी शारदा पीठ धाम को खोलने की मांग को लेकर लिखी गई है, लेकिन चिट्ठी में चौंकाने वाली बात ये है कि पूर्व सीएम ने पाक अधिकृत कश्मीर को पाकिस्तान प्रशासित कश्मीर बताया दिया.

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पीएम मोदी और महबूबा मुफ्ती(फाइल फोटो-PTI) पीएम मोदी और महबूबा मुफ्ती(फाइल फोटो-PTI)

राहुल झारिया

  • श्रीनगर,
  • 01 दिसंबर 2018,
  • अपडेटेड 11:01 PM IST

पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (PDP) की अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती ने शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को एक चिट्ठी लिखी. ये चिट्ठी शारदापीठ धाम को खोलने की मांग को लेकर लिखी गई है, लेकिन चिट्ठी में चौंकाने वाली बात ये है कि जम्मू-कश्मीर की पूर्व सीएम ने पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर को पाकिस्तान प्रशासित कश्मीर बताया दिया.

जम्मू कश्मीर की पूर्व सीएम महबूबा मुफ्ती ने पीएम मोदी को चिट्ठी लिख करतारपुर कॉरिडोर की तर्ज पर कश्मीरी पंडितों की पहुंच पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में स्थित शारदापीठ तक रास्ता खोलने का अनुरोध किया है. महबूबा ने कहा कि पाक प्रशासित कश्मीर में शारदापीठ कश्मीर के वैभवशाली इतिहास का उत्कृष्ट अवशेष है.

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उन्होंने लिखा, 'आपके प्रतिष्ठित पूर्ववर्तियों के कार्यकाल में की गई पहलों से मुजफ्फराबाद और रावलकोट मार्ग खुले. वैसे तो उनकी क्षमताओं का पूरी तरह से साकार किया जाना बाकी है, लेकिन करतारपुर के खुलने से अवसरों का एक द्वार खुला है.’

महबूबा ने कहा कि उनकी पार्टी ने हमेशा ही भारत और पाकिस्तान के बीच लोगों के मेल-मिलाप को विश्वास बहाली का अहम तरीका माना है. उन्होंने कहा, 'यह यहां के लोगों को उनकी सांस्कृतिक और बौद्धिक जड़ों से जोड़ता है. (कश्मीरी) पंडितों के लिए यह तीर्थाटन का अहम स्थल है. इस तीर्थाटन को खोलने की उनकी अपील श्रीनगर-मुजफ्फराबाद रोड के फिर से खुलने के समय से ही सामने आई है.'

पीडीपी अध्यक्ष ने चिट्ठी में लिखा है, ‘ ने (कश्मीरी) पंडित समुदाय को शारदापीठ के लिए तीर्थाटन की संभावना उसी उत्साह से देखने के लिए प्रेरित किया है. पाकिस्तान को कटासराज तीर्थाटन की तर्ज पर ही इस तीर्थाटन के लिए पाकिस्तान को अनुमति देने की प्रधानमंत्री की कथित पेशकश से हमारे विश्वास को बल मिला है. ’

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उन्होंने कहा कि कश्मीरी पंडितों के कुछ सदस्यों ने उनसे इस मुद्दे पर चर्चा की और उनसे यह मामला प्रधानमंत्री के सामने उठाने की अपील की.

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