'एक हिंदुत्ववादी ने गांधी जी को गोली मारी थी', बापू की पुण्यतिथि पर राहुल गांधी का ट्वीट

30 जनवरी 1948 की शाम को नाथूराम गोडसे ने महात्मा गांधी की हत्या कर दी थी. अहिंसा को अपना सबसे बड़ा हथियार मानने वाले गांधी खुद हिंसा का शिकार हुए थे.

Advertisement
राहुल गांधी (File Pic) राहुल गांधी (File Pic)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 30 जनवरी 2022,
  • अपडेटेड 8:55 AM IST
  • 30 जनवरी 1948 को नाथूराम गोडसे ने की थी गांधी की हत्या
  • इस साल महात्मा गांधी की 74वीं पुण्यतिथि है

महात्मा गांधी (Mahatma Gandhi) की पुण्यतिथि पर पूरा देश आज उन्हें नमन कर रहा है. कांग्रेस नेता राहुल गांधी (Congress Leader Rahul Gandhi) ने भी महात्मा गांधी को याद करते हुए एक पोस्ट लिखा और हिंदुत्व को लेकर निशाना साधा.

राहुल गांधी ने ट्वीट किया, 'एक हिंदुत्ववादी ने गांधी को गोली मारी थी. सब हिंदुत्ववादियों को लगता है कि गांधी नहीं रहे. जहां सत्य है, वहां आज भी बापू जिंदा हैं! #GandhiForever'

Advertisement

एक हिंदुत्ववादी ने गाँधी जी को गोली मारी थी।
सब हिंदुत्ववादियों को लगता है कि गाँधी जी नहीं रहे।

जहाँ सत्य है, वहाँ आज भी बापू ज़िंदा हैं!

— Rahul Gandhi (@RahulGandhi)

राहुल गांधी गांधी के हत्यारे गोडसे को हिंदुत्ववादी बताते हैं और गोडसे जोड़ते हुए बीजेपी और आरएसएस के लोगों को भी हिंदुत्ववादी कहते हैं. राहुल का कहना है कि हिंदू और हिंदुत्ववादी में फर्क है. वो खुद को हिंदू बताते हैं और बीजेपी से जुड़े लोगों को हिंदुत्ववादी.

बता दें कि 1 दिन पहले ही महाराष्ट्र में ठाणे जिले की एक अदालत ने कहा कि राहुल गांधी के खिलाफ राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के एक कार्यकर्ता द्वारा दायर मानहानि के मुकदमे की सुनवाई पांच फरवरी से रोजाना होगी. दीवानी अदालत के न्यायाधीश और भिवंडी में न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी जे. वी. पालीवाल ने यह आदेश जारी किया है.

Advertisement

2018 के मामले में राहुल के खिलाफ आरोप तय किए थे

2018 में अपने भाषण में कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने आरोप लगाया था कि महात्मा गांधी की हत्या के पीछे संघ का हाथ था. आरएसएस के एक स्थानीय कार्यकर्ता राजेश कुंते ने अपने मुकदमे में दावा किया है कि इस बयान से आरएसएस की प्रतिष्ठा को ठेस पहुंची है. ठाणे की अदालत ने 2018 में मामले में राहुल के खिलाफ आरोप तय किए थे, लेकिन उन्होंने आरोपों को स्वीकार करने से इनकार कर दिया था.

हालांकि सुप्रीम कोर्ट के एक हालिया आदेश का हवाला देते हुए अदालत ने कहा कि राहुल के खिलाफ मामला भी इसी श्रेणी के तहत आता है और अत: इस पर प्राथमिकता से, तेजी से और नियमित आधार पर सुनवाई किए जाने की आवश्यकता है.

 

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement