दिल्ली में सबसे ज्यादा बारिश वाला अप्रैल, इस दिन से फिर होगी बारिश, जानें देशभर का मौसम

दिल्ली में अप्रैल ने इस बार बारिश और गर्मी दोनों के तेवर दिखाए. 2008 के बाद सबसे ज्यादा बरसात का रिकॉर्ड बना, तो कई दिन 40°C के पार भी गए.

Advertisement
2 मई से एक्टिव होगा नया पश्चिमी विक्षोभ (Photo-PTI) 2 मई से एक्टिव होगा नया पश्चिमी विक्षोभ (Photo-PTI)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 01 मई 2026,
  • अपडेटेड 9:16 AM IST

दिल्ली में इस साल अप्रैल का महीना मौसम के लिहाज़ से खास रहा है. रिकॉर्ड बताते हैं कि यह अप्रैल 2008 के बाद सबसे ज्यादा बारिश वाला महीना बन गया है. पूरे महीने में 29.7 मिमी बारिश दर्ज की गई, जो सामान्य 16.7 मिमी से काफी अधिक है. इससे पहले 2008 में सफदरजंग स्टेशन पर 38.8 मिमी बारिश रिकॉर्ड हुई थी. हालांकि महीने के दूसरे हिस्से में गर्मी ने भी जोर पकड़ा और कई दिनों तक तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंचा, जबकि 25 अप्रैल को अधिकतम तापमान 42.8 डिग्री दर्ज किया गया.

Advertisement

इसके बाद एक बार फिर आंधी-बारिश का दौर शुरू हुआ. हालांकि मई की शुरुआत में बारिश में कुछ कमी आएगी. स्काईमेट के मुताबिक, 1 मई को यह सिस्टम थोड़ा कमजोर पड़ सकता है और मौसम में हल्का ब्रेक देखने को मिलेगा, लेकिन राहत ज्यादा दिन टिकने वाली नहीं है. 2 मई से एक नया और ज्यादा मजबूत पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होगा, जिससे मौसम की गतिविधियां फिर तेज हो जाएंगी.

अनुमान है कि 4 से 6 मई के बीच दिल्ली में प्री-मानसून गतिविधियों का पीक देखने को मिलेगा, जब तेज आंधी, बारिश और बिजली गिरने की घटनाएं बढ़ सकती हैं. इसके अलावा देश के बाकी हिस्सों में आज (1 मई) उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल और पूर्वोत्तर भारत में हल्की से मध्यम बारिश के साथ कहीं-कहीं भारी बारिश हो सकती है.

दक्षिण भारत में केरल, कर्नाटक और तमिलनाडु के कुछ हिस्सों में भी गरज-चमक के साथ बारिश के आसार हैं. वहीं मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, ओडिशा, तेलंगाना और राजस्थान के कुछ इलाकों में हल्की बारिश देखने को मिल सकती है. कुल मिलाकर, देशभर में मौसम का मिजाज आने वाले दिनों में बदलता रहेगा. कहीं बारिश राहत देगी तो कहीं आंधी और तेज हवाएं लोगों की परेशानी बढ़ा सकती हैं.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement