महाराष्ट्र की फडणवीस सरकार में परिवहन मंत्री प्रताप सरनाइक का नया फरमान आया है. जिसमें कहा गया है कि, 1 मई से हर ऑटो रिक्शा और टैक्सी ड्राइवर को मराठी पढ़ना, लिखना और बोलना अनिवार्य होगा और अगर वो मराठी नहीं बोलेंगे तो उनके लाइसेंस रद्द कर दिए जाएंगे. टैक्सी यूनियन ने इस आदेश के खिलाफ कोर्ट जाने का ऐलान कर दिया है. वहीं, विपक्ष सरकार की मंशा पर सवाल उठा रहा है.