नवाब मलिक (Nawab Malik) को बॉम्बे हाईकोर्ट से झटका लगा है. बॉम्बे हॉईकोर्ट ने NCP नेता नवाब मलिक की अंतरिम याचिका खारिज कर दी है. इसमें नवाब मलिक ने कहा था कि उनको प्रवर्तन निदेशालय ने गैरकानूनी तरीके से गिरफ्तार किया था, इसको उनको तुरंत रिहा किया जाए. अब ऐसा करने से HC ने इनकार कर दिया है.
कोर्ट में जस्टिस पीबी वराले (PB Varale) और एसएम मोदक (SM Modak) की बेंच ने सुनवाई की थी. बेंच ने कहा कि कुछ विवादास्पद मुद्दे को उठाया गया है, जिनको लंबी सुनवाई में सुना जा सकता है. यह अंतरिम याचिका में नहीं हो सकता. याचिका खारिज होती है.'
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मलिक की तरफ से एडवोकेट अमित देसाई पेश हुए थे. इस मामले पर सुनवाई पहले ही पूरी हो गई थी फिर आज 11 मार्च को फैसला सुनाया गया.
क्यों हुई थी नवाब मलिक की गिरफ्तारी?
नवाब मलिक पर आरोप लगे थे कि उन्होंने अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम के सहयोगी से प्रोपर्टी खरीदी थी. आरोप था कि प्रोपर्टी की कीमत 3.54 करोड़ रुपये थी जिसे सिर्फ 20 लाख रुपये में खरीदा गया था. नवाब मलिक को 23 फरवरी को ईडी उनके घर से पूछताछ के लिए लेकर गई थी. करीब 8 घंटे चली पूछताछ के बाद नवाब मलिक को ईडी ने गिरफ्तार कर लिया था. बाद में उनको स्पेशल PMLA में पेश करके रिमांड ली गई थी.
विद्या