मां ने डेढ़ माह के बेटे को चलती ट्रेन से फेंका, हल्ला मचाकर लोगों ने बचाई दूसरे बच्चे की जान

झारखंड के चक्रधरपुर रेल मंडल से सामने आई एक दर्दनाक घटना ने सभी को स्तब्ध कर दिया है. हावड़ा-बड़बिल जनशताब्दी एक्सप्रेस में सफर के दौरान डेढ़ माह के मासूम को चलती ट्रेन से बाहर फेंकने का सनसनीखेज मामला सामने आया है. घटना के बाद यात्रियों की सतर्कता, पुलिस कार्रवाई और परिवार से जुड़े कई चौंकाने वाले तथ्य अब जांच के केंद्र में हैं.

Advertisement
मां ने दुधमुंहे बेटे को चलती ट्रेन से फेंका (Photo: itg) मां ने दुधमुंहे बेटे को चलती ट्रेन से फेंका (Photo: itg)

सत्यजीत कुमार

  • चाईबासा,
  • 21 मई 2026,
  • अपडेटेड 4:56 PM IST

झारखंड में चाईबासा के चक्रधरपुर रेल मंडल से इंसानियत को शर्मसार कर देने वाली एक ऐसी घटना सामने आई है, जिसने हर किसी को झकझोर कर रख दिया है. यहां एक मां ने अपने ही दुधमुहे डेढ़ माह के मासूम बच्चे को चलती ट्रेन से बाहर फेंक कर उसकी जान ले ली है. एक मां पर लगे इस भयावाह सनसनीखेज आरोप ने पूरे इलाके में दहशत और हैरानी फैला दी है. इस खौफनाक घटना के बाद रेल पटरी से मासूम बच्चे का शव बरामद हुआ, जबकि आरोपी मां पुलिस हिरासत में लेकर उससे लगातार पूछताछ की जा रही है.

Advertisement

जानकारी के अनुसार, यह दिल दहला देने वाली वारदात बुधवार को ट्रेन संख्या 12021 हावड़ा-बड़बिल जनशताब्दी एक्सप्रेस में हुई. घटना राजखरसावां और महालीमरूप स्टेशन के बीच की बताई जा रही है. बताया जा रहा है कि ट्रेन में सफर कर रही महिला ने अचानक अपने डेढ़ महीने के मासूम बच्चे को तेज रफ्तार ट्रेन की खिड़की से बाहर फेंक दिया. घटना इतनी अचानक हुई कि ट्रेन में बैठे यात्री कुछ पल के लिए सन्न रह गए. प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, महिला यहीं नहीं रुकी. आरोप है कि उसने अपने दूसरे करीब तीन साल के बच्चे को भी ट्रेन से बाहर फेंकने की कोशिश की. लेकिन कोच में मौजूद यात्रियों ने तत्परता दिखाते हुए बच्चे को महिला के चंगुल से छुड़ा लिया और उसकी जान बचा ली.  इसके बाद यात्रियों ने महिला और उसके पति को पकड़कर आरपीएफ के हवाले कर दिया.

Advertisement

घटना की सूचना मिलते ही रेलवे सुरक्षा बल में हड़कंप मच गया. सिनी पोस्ट के आरपीएफ जवानों को तत्काल सर्च अभियान के लिए रवाना किया गया. घंटों की तलाश के बाद महालीमरूप और राजखरसावां स्टेशन के बीच रेलवे ट्रैक किनारे मासूम बच्चे का शव बरामद किया गया. मासूम की लाश देखकर मौके पर मौजूद जवानों और स्थानीय लोगों के भी रोंगटे खड़े हो गए. पूरे इलाके में मातम और गुस्से का माहौल फैल गया.

बताया जा रहा है कि आरोपी महिला का नाम मुद्रावती गोप है, जो झारखंड के पश्चिम सिंहभूम जिले के मझगांव क्षेत्र की रहने वाली है. वहीं उसके पति ने अपना नाम शाहबुद्दीन बताया है, जो पश्चिम बंगाल का निवासी है. जानकारी के मुताबिक, करीब चार साल पहले शाहबुद्दीन मुद्रावती को भगाकर अपने साथ ले गया था और दोनों ने शादी कर ली थी. शादी के बाद महिला का नाम बदलकर हसीना बेगम रखा गया और दोनों हैदराबाद में छुप कर रह रहे थे.

सूत्रों के अनुसार, मुद्रावती के परिजनों ने पहले ही मझगांव थाना में शाहबुद्दीन के खिलाफ बेटी को अगवा कर शादी करने का मामला दर्ज कराया था. बताया जा रहा है कि पुलिस का दबाव बढ़ने के बाद शाहबुद्दीन अपनी पत्नी और दोनों बच्चों को लेकर मझगांव थाना आ रहा था. इसी दौरान ट्रेन में यह खौफनाक घटना हुई.

Advertisement

फिलहाल आरोपी महिला को चाईबासा रेलवे स्टेशन पर उतारकर हिरासत में लिया गया है. जीआरपी, आरपीएफ और स्थानीय पुलिस उससे पूछताछ कर रही है. पुलिस इस बात की तह तक जाने की कोशिश कर रही है कि आखिर एक मां ने अपने ही मासूम बच्चे के साथ इतना निर्मम कदम क्यों उठाया? क्या इसके पीछे पारिवारिक विवाद, मानसिक तनाव, घरेलू प्रताड़ना या कोई और गहरा राज छिपा है? इस दर्दनाक घटना ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है. लोग यही सवाल पूछ रहे हैं कि आखिर एक मां का दिल इतना पत्थर कैसे हो सकता है कि वह अपने ही कलेजे के टुकड़े को मौत के हवाले कर दे. फिलहाल पुलिस पुरे मामले की जांच पड़ताल कर रही है.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement