गुजरात के सूरत से एक बेहद संवेदनशील मामला सामने आया है, जिसमें एक महिला वकील ने अपने ही साथी वकील पर पहचान छिपाकर प्रेम संबंध बनाने, शादी का झांसा देने और शारीरिक शोषण करने का आरोप लगाया है. पीड़िता की पहचान सुरक्षित रखने के लिए उसे पूजा सोलंकी (परिवर्तित नाम) बताया गया है. शिकायत में कहा गया है कि आरोपी ने खुद को ‘रोहन’ बताकर उसके साथ संबंध बनाए और लंबे समय तक झूठी पहचान के सहारे विश्वास जीतता रहा.
पीड़िता के मुताबिक, आरोपी ने हिंदू धर्म के प्रति गहरी आस्था दिखाने के लिए धार्मिक गतिविधियों में भाग लिया, जिससे उसे उस पर पूरा भरोसा हो गया. महिला का आरोप है कि इसी भरोसे के आधार पर आरोपी ने शादी का वादा किया और कई बार शारीरिक संबंध बनाए. जब उसने विवाह को औपचारिक रूप देने का दबाव बनाया, तब आरोपी ने अचानक इनकार कर दिया और सच्चाई सामने आई.
यह भी पढ़ें: रेप, शादी और धर्मांतरण... 'लव जिहाद' के आरोपी आफताब ने वाराणसी पुलिस को ऐसे दिया चकमा
शिकायत के अनुसार, आरोपी पहले से ही किसी अन्य महिला से निकाह कर चुका था. यह जानकारी मिलने के बाद पीड़िता ने खुद को धोखा और शोषण का शिकार बताया और पुलिस से संपर्क किया.
पहचान छिपाकर बने रिश्ते का आरोप
पीड़िता ने पुलिस को बताया कि आरोपी रहीम रजाक उर्फ रहीम शेख पेशे से वकील है और वर्ष 2018 के आसपास उसका संपर्क उससे हुआ था. शुरुआत में दोनों के बीच पेशेवर संबंध बने, जो धीरे-धीरे निजी रिश्ते में बदल गए. दोनों ने मिलकर एक वकालत का कार्यालय भी शुरू किया और कई वर्षों तक साथ में प्रैक्टिस करते रहे.
महिला का आरोप है कि आरोपी ने अपनी झूठी पहचान को पूरी तरह स्थापित करने के लिए धार्मिक गतिविधियों का सहारा लिया. वह उसके साथ गणपति और सत्यनारायण पूजा में शामिल होता था. इतना ही नहीं, उसने मांग में सिंदूर भरने और मंगलसूत्र पहनाने जैसे प्रतीकों के जरिए शादी का भरोसा भी दिलाया.
पीड़िता का कहना है कि इन घटनाओं के कारण उसे विश्वास हो गया कि उनका रिश्ता जल्द ही सामाजिक और कानूनी विवाह में बदलेगा, लेकिन शादी की बात आते ही आरोपी ने संबंध से पीछे हटना शुरू कर दिया.
विरोध पर मारपीट और अपमान का आरोप
शिकायत में यह भी कहा गया है कि जब महिला ने आरोपी का विरोध किया और सच्चाई जानने की कोशिश की, तो उसने उसके साथ मारपीट की और जातिसूचक अपशब्द कहकर अपमानित किया. इसके बाद महिला ने सूरत के चौक बाजार पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई.
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ दुष्कर्म, धोखाधड़ी और एससी-एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है. फिलहाल इस मामले की जांच एसीपी स्तर के अधिकारी कर रहे हैं.
जांच से जुड़े अधिकारी एम. डी. उपाध्याय ने बताया कि शिकायत 34 वर्षीय महिला वकील की ओर से दर्ज कराई गई है. उनके अनुसार दोनों 2018 से रिश्ते में थे और शादी की बात भी हुई थी, लेकिन बाद में आरोपी ने किसी अन्य महिला से विवाह कर लिया, जिसके बाद शिकायत दर्ज हुई.
पुलिस जांच और ‘लव जिहाद’ का आरोप
अधिकारी ने बताया कि आरोपी मुस्लिम समुदाय से है और उसने महिला को हिंदू धर्म अपनाने और शादी करने का आश्वासन दिया था. बाद में शादी न होने पर महिला ने बलात्कार और अन्य धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कराई है. पुलिस को मामले से जुड़े दस्तावेज प्राप्त हुए हैं और साक्ष्यों की पुष्टि के बाद गिरफ्तारी की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी.
इस मामले में ‘लव जिहाद’ का एंगल भी सामने आया है, हालांकि पुलिस फिलहाल इसे केवल एक आरोप मानते हुए तथ्यों के आधार पर जांच कर रही है.
यह घटना पहचान छिपाकर रिश्ते बनाने और भावनात्मक-धार्मिक विश्वास के दुरुपयोग को लेकर गंभीर सवाल खड़े करती है. साथ ही यह मामला जागरूकता और सतर्कता की जरूरत को भी रेखांकित करता है, ताकि ऐसे मामलों में समय रहते कार्रवाई हो सके.
संजय सिंह राठौर