इंस्टाग्राम-फेसबुक के 'गनबाज’ आए दिल्ली पुलिस की रडार पर, 67 गिरफ्तार, 69 हथियार जब्त

राजधानी दिल्ली में बढ़ते गन कल्चर और सोशल मीडिया के जरिए अपराध को ग्लैमराइज करने की कोशिशों के खिलाफ दिल्ली पुलिस ने बड़ा अभियान चलाया है. 'ऑपरेशन शस्त्र' के तहत 6000 से ज्यादा सोशल मीडिया अकाउंट स्कैन किए गए. 61 FIR दर्ज हुईं और 67 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है.

Advertisement
दिल्ली पुलिस ने करीब 6000 सोशल मीडिया अकाउंट स्कैन किए. दिल्ली पुलिस ने करीब 6000 सोशल मीडिया अकाउंट स्कैन किए.

हिमांशु मिश्रा

  • नई दिल्ली,
  • 07 फरवरी 2026,
  • अपडेटेड 7:18 AM IST

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में बढ़ते गन कल्चर और अपराध की डिजिटल दुनिया को तोड़ने के लिए दिल्ली पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है. दिल्ली पुलिस ने ‘ऑपरेशन शस्त्र’ के तहत सोशल मीडिया पर हथियारों का प्रदर्शन कर दहशत फैलाने और अपराध को बढ़ावा देने वालों के खिलाफ व्यापक अभियान चलाया है.

इस ऑपरेशन के तहत दिल्ली पुलिस की करीब 500 टीमों और लगभग 2000 पुलिसकर्मियों ने एक साथ कार्रवाई की. पुलिस ने इंस्टाग्राम और फेसबुक जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर हथियार दिखाकर रील्स, वीडियो और पोस्ट डालने वाले करीब 6000 सोशल मीडिया अकाउंट को स्कैन किया.

Advertisement

दिल्ली पुलिस के मुताबिक, इस अभियान में कुल 61 FIR दर्ज की गई हैं. पुलिस ने 67 वयस्क आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि 15 नाबालिगों को Children in Conflict with Law (CCL) के तौर पर पकड़ा गया है. कार्रवाई के दौरान 69 अवैध हथियार बरामद किए गए हैं. इसके अलावा 93 जिंदा कारतूस और 13 चाकू भी जब्त किए गए हैं.

दरअसल, सोशल मीडिया पर खासतौर पर इंस्टाग्राम और फेसबुक पर कुछ लोग बंदूक और अन्य हथियार दिखाकर दहशत फैलाने की कोशिश कर रहे थे. गानों और वीडियो में गन कल्चर को ग्लैमराइज कर नाबालिग बच्चों को अपराध की दुनिया में लाने के लिए उकसाया जा रहा था. दिल्ली पुलिस ने इसे एक उभरती हुई डिजिटल आपराधिक संस्कृति बताया है, जिसका सीधा असर जमीनी अपराध पर पड़ सकता है.

ऑपरेशन शस्त्र को एक प्रो-एक्टिव, इंटेलिजेंस-आधारित और टेक्नोलॉजी-इनेबल्ड पुलिसिंग मॉडल के तौर पर अंजाम दिया गया. पुलिस ने सोशल मीडिया पर सार्वजनिक रूप से उपलब्ध कंटेंट की कानूनी स्कैनिंग, व्यवहार विश्लेषण और सत्यापन के बाद कार्रवाई की.

Advertisement

दिल्ली पुलिस कमिश्नर सतीश गोलछा ने कहा कि ऑपरेशन शस्त्र आधुनिक पुलिसिंग का उदाहरण है, जहां तकनीक, कानूनी कार्रवाई और समुदाय की भागीदारी एक साथ काम करती है. उन्होंने कहा कि दिल्ली पुलिस का उद्देश्य गैरकानूनी गतिविधियों पर सख्त कार्रवाई के साथ-साथ युवाओं को सही दिशा देना और जागरूकता बढ़ाना भी है.

ऑपरेशन शस्त्र को तीन स्तंभों पर आधारित किया गया था. पहला Deterrence यानी अवैध हथियार रखने या सार्वजनिक प्रदर्शन पर सख्त कार्रवाई. दूसरा Disruption यानी उन डिजिटल नेटवर्क और समूहों को तोड़ना जो हिंसा और अपराध को सामान्य बनाते हैं. तीसरा Direction यानी काउंसलिंग, पैरेंटल एंगेजमेंट और यूथ सेंसिटाइजेशन के जरिए युवाओं को सकारात्मक डिजिटल व्यवहार की ओर मोड़ना.

पुलिस की फील्ड जांच और काउंसलिंग के दौरान सामने आया कि कई युवा सोशल मीडिया पर तेजी से फॉलोअर्स बढ़ाने, थ्रिल और दबदबा दिखाने के लिए हथियारों के साथ वीडियो बना रहे थे. पॉप कल्चर, म्यूजिक ट्रेंड और गैंगस्टर-स्टाइल इमेजरी भी इसकी बड़ी वजह रही. कई मामलों में कानूनी नतीजों की जानकारी न होने के चलते यह कंटेंट बनाया गया.

दिल्ली पुलिस ने अपील की है कि सोशल मीडिया पर जिम्मेदार व्यवहार अपनाएं और हथियारों या हिंसा से जुड़ा कंटेंट साझा ना करें. किसी भी संदिग्ध या गैरकानूनी ऑनलाइन गतिविधि की सूचना 112 पर दी जा सकती है. 

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement