पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव को लेकर सभी पार्टियों की तैयारियां जोर-शोर से चल रही हैं. इस बीच सोशल मीडिया पर एक वीडियो खूब वायरल हो रहा है जिसमें कुछ पुलिसकर्मी, एक शख्स को लाठी-डंडों से पीटते हुए नजर आ रहे हैं.
इसे शेयर करने वालों का कहना है कि ये वीडियो पश्चिम बंगाल का है और मार खा रहा ये शख्स ममता बनर्जी की पार्टी से जुड़ा है. दावे के मुताबिक, ये शख्स उपद्रव मचा रहा था जिसके बाद सेना ने इसे अच्छे से सबक सिखा दिया.
वीडियो को एक्स पर शेयर करते हुए एक व्यक्ति ने लिखा, “ममता बहन जी के गुंडों का इलाज कर रहे सेना के वीर सिपाही.” इस पोस्ट का आर्काइव्ड वर्जन यहां देखा जा सकता है.
आजतक फैक्ट चेक ने पाया कि ये वीडियो बांग्लादेश के ढाका में फरवरी में हुए एक प्रोटेस्ट के दौरान का है.
कैसे पता की सच्चाई?
वीडियो के कीफ्रेम्स को रिवर्स सर्च करने पर हमें ये Ajker Patrika नाम के एक बांग्लादेशी न्यूज आउट्लेट के यूट्यूब चैनल पर मिला. 6 फरवरी की इस रिपोर्ट के मुताबिक ये वीडियो बांग्लादेश की राजधानी ढाका में हुए एक प्रदर्शन के दौरान का है.
‘इंकलाब मंच’ के बैनर तले, ये प्रदर्शनकारी शरीफ उस्मान हादी की हत्या के विरोध में प्रोटेस्ट कर रहे थे और न्याय की मांग कर रहे थे. 32 साल के उस्मान हादी छात्रों के नेता और एक एक्टिविस्ट थे. वो इंकलाब मंच के प्रवक्ता भी थे. बांग्लादेश में 2024 के छात्र आंदोलन में वो एक प्रमुख चेहरा बनकर उभरे थे. दिसंबर 2025 में उनकी हत्या कर दी गई, जिसके बाद वहां बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन हुए थे.
इंकलाब मंच, उस्मान हादी हत्या मामले में निष्पक्ष जांच की मांग कर रहा था. इस दौरान भीड़ को हटाने के लिए पुलिस ने लाठीचार्ज किया और आंसू गैस का भी इस्तेमाल किया.
हमें गूगल मैप्स के स्ट्रीट व्यू पर भी हूबहू यही जगह मिल गई. इसमें दिख रही सड़क और बिल्डिंग एकदम वैसी है जैसी वायरल वीडियो में नजर आ रही हैं.
इस तरह से साफ हो जाता है कि ये वीडियो बांग्लादेश का है, भारत का नहीं.
फैक्ट चेक ब्यूरो