फैक्ट चेक: बुर्कानशीं भागवत कथावाचक? नहीं, फर्जी है ये तस्वीर

कथावाचक देवी चित्रलेखा की कथित तौर पर बुर्का पहने हुए एक तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है. तस्वीर के साथ कहा जा रहा है कि उन्होंने एक मुसलमान युवक से शादी की है जो पहले उनका ड्राइवर था.

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आजतक फैक्ट चेक

दावा
ये हरियाणा की चर्चित कथावाचक देवी चित्रलेखा की तस्वीर है जिन्होंने एक मुसलमान से शादी की है.
सच्चाई
एक बुर्कानशीं मॉडल की तस्वीर में कथावाचक देवी चित्रलेखा का चेहरा लगाकर ये तस्वीर तैयार की गई है. देवी चित्रलेखा ने 2017 में कान्यकुब्ज ब्राह्मण माधव तिवारी से शादी की थी, न कि किसी मुसलमान से.

ज्योति द्विवेदी

  • नई दिल्ली,
  • 09 जुलाई 2021,
  • अपडेटेड 11:29 PM IST

बेहद कम उम्र में लाखों अनुयायी बना लेने वाली हरियाणा की मोटिवेशनल स्पीकर और  की कथित तौर पर बुर्का पहने हुए एक तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है. तस्वीर के साथ कहा जा रहा है कि उन्होंने एक मुसलमान युवक से शादी की है जो पहले उनका ड्राइवर था.
 
एक फेसबुक यूजर ने इस तस्वीर को शेयर करते हुए लिखा, “मोहतरमा चित्रलेखा का शौहर सही पढ़ा आप ने शौहर कभी चित्रलेखा का ड्राईवर था और मुस्लिम भी है, शादी के बाद इसने अपना नाम माधव राज रखा, ताकि कथा बेंचने में कोई दिक्कत न हो और धंधा आराम से चलता रहे, ऐसे लोगों का हिंदू धर्म से बहिष्कार करें.”

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इंडिया टुडे के एंटी फेक न्यूज वॉर रूम (AFWA) ने पाया कि सोशल मीडिया पर वायरल तस्वीर मोटिवेशनल स्पीकर देवी चित्रलेखा की नहीं है. एक बुर्कानशीं मॉडल की फोटो में देवी चित्रलेखा का चेहरा अलग से जोड़कर ये फोटो बनाई गई है. देवी चित्रलेखा की शादी किसी मुसलमान से नहीं बल्कि छत्तीसगढ़ के माधव तिवारी से हुई थी, जो कान्यकुब्ज ब्राह्मण हैं.

 से लगातार देवी चित्रलेखा की बुर्के वाली तस्वीर और उनके  हो रही है.

क्या है सच्चाई

वायरल तस्वीर को रिवर्स सर्च किया तो  पर यही तस्वीर मिली, जिसमें मुस्लिम दुल्हनों के परिधानों की तस्वीरें हैं. साफ देखा जा सकता है कि यहां एक मॉडल ने ठीक वैसे ही परिधान और हिजाब पहन रखा है, जो वायरल तस्वीर में नजर आ रहा है. दोनों तस्वीरों में दीवार पर लगा वॉलपेपर भी एक ही है. साफ है कि मुस्लिम दुल्हनों के फैशन संबंधी एक लेख से ली गई तस्वीर में मॉडल का चेहरा हटाकर देवी चित्रलेखा का चेहरा लगा दिया गया है.

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ये तस्वीर हमें एक  पर भी मिली. तस्वीर में मॉडल ने मुस्लिम दुल्हन का जो लिबास पहन रखा है, वो यहां 47.99 यूरो यानी तकरीबन चार हजार रुपये में बिक रहा है.

पिछले साल भी ये भ्रामक दावा वायरल हुआ था. उस वक्त  पर इसका खंडन किया गया था. खंडन करने वाली पोस्ट में लिखा था, “देवीजी का विवाह न किसी मुसलमान से हुआ है, ना ही वो एक ड्राइवर हैं. दिनांक 23 मई 2017 को गौसेवा धाम हॉस्पिटल के ही पावन प्रांगण में देवी चित्रलेखा जी का विवाह बिलासपुर, छत्तीसगढ़ के 'कश्यप गोत्रीय' कान्यकुब्ज ब्राह्मण परिवार में श्री अरुण तिवारी जी के सुपुत्र श्री माधव तिवारी जी के साथ हिंदू रीति-रिवाज़ों के साथ संपन्न हुआ.”  

हमने वायरल तस्वीर देवी चित्रलेखा के मीडियो को-ऑर्डिनेटर राहुल शर्मा तिवारी को भेजी. उन्होंने भी ‘आजतक’ से इस बात की पुष्टि की कि वायरल तस्वीर एडिटिंग के जरिये तैयार की गई है. उन्होंने बताया, “पिछले साल कुछ यूट्यूबर्स ने देवी चित्रलेखा के प्रवचन के एक छोटे-से हिस्से को बिना संदर्भ के पेश कर दिया था जो बाद में वायरल हो गया था. इसके बाद से ही बहुत सारे लोग देवीजी को निशाना बनाने लगे और उनकी शादी मुसलमान से होने जैसी अनर्गल बातें करने लगे. हमने उस वक्त भी ऐसे कई वीडियोज की शिकायत करके उन्हें हटवाया था.”  
 
साफ है कि देवी चित्रलेखा के मुस्लिम से शादी करने का दावा तो झूठा है ही. इस दावे के साथ जो फोटो शेयर की जा रही है, वो भी एडिटिंग सॉफ्टवेयर की मदद से तैयार की गई है. असली तस्वीर मुस्लिम दुल्हनों के लिए परिधान का प्रदर्शन करती एक मॉडल की थी, जिसमें देवी चित्रलेखा का चेहरा लगा दिया गया.

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