आमिर खान के प्रोडक्शन में बनी 'डेल्ही बेली' (2011) अब एक कल्ट कॉमेडी फिल्म बन चुकी है. बॉलीवुड फैन्स अक्सर 'डेल्ही बेली' जैसी और फिल्मों की डिमांड करते रहते हैं. आमिर खान अब एक और दिलचस्प कॉमेडी फिल्म लेकर आ रहे हैं— 'हैप्पी पटेल: खतरनाक जासूस'. कॉमेडियन-एक्टर वीर दास इसके लीड हीरो हैं.
वीर ने ही कवि शास्त्री के साथ मिलकर 'हैप्पी पटेल' डायरेक्ट भी की है. इसके ट्रेलर को जनता से बहुत पॉजिटिव रिस्पॉन्स मिला था और फिल्म शुक्रवार को थिएटर्स में पहुंच रही है, लेकिन एक कॉमेडी क्लैश के बीच. इसके साथ ही एक और बॉलीवुड कॉमेडी फिल्म 'राहू केतु' भी रिलीज होनी है. लेकिन इस क्लैश में 'हैप्पी पटेल' का पलड़ा भारी है.
वीर दास की मैड-कॉमेडी
एक लंबे समय से बॉलीवुड से बिना दिमाग लगाए देखने वाली मजबूत कॉमेडी फिल्म नहीं आई है. कॉमेडी के साथ या तो हॉरर और दूसरे मसाले होते हैं, या फिर वो सोशल मैसेज डिलीवर करने में उलझ जाती है. 'हैप्पी पटेल' का ट्रेलर देखकर लगता है कि ये दिमाग साइड में रखकर, फन मूड के लिए देखी जा सकती है. वीर दास की मजेदार कॉमिक टाइमिंग का कमाल उनकी लिखी कहानी में भी दिख रहा है. जासूसी ट्रेनिंग में फेल, विदेश में जन्मे भारतीय मूल वाले लड़के का घर वापसी करके केस सॉल्व करना— ये अपने आप में एक मजेदार प्लॉट साउंड करता है.
'डेल्ही बेली' का नॉस्टैल्जिया
वीर दास के साथ 'हैप्पी पटेल' में इमरान खान भी नजर आ रहे हैं. इमरान और वीर 'डेल्ही बेली' में भी साथ थे. आमिर खान ने 'डेल्ही बेली' के एक स्पेशल गाने में कैमियो किया था. 'हैप्पी पटेल' में वो एक खास कैमियो कर रहे हैं. इस कल्ट कॉमेडी फिल्म की याद लोगों को 'हैप्पी पटेल' देखने के लिए भी मोटिवेट करेगी. ऊपर से ट्रेलर में आमिर का कैमियो दमदार नजर आ रहा है. यहां देखें 'हैप्पी पटेल' का ट्रेलर:
बन सकती है कॉमेडी क्लैश की विनर
शुक्रवार को 'राहू केतु' के साथ क्लैश में 'हैप्पी पटेल' के पास विनर बनने का पूरा चांस है. कॉमेडी के मामले में वीर दास खुद बड़ा नाम हैं. ऊपर से स्टार पावर और लुभाने वाले दूसरे फैक्टर्स भी 'हैप्पी पटेल' में ज्यादा हैं. अगर इसे शुरुआत में तारीफ मिली तो शनिवार को ये बॉक्स ऑफिस पर अच्छी रफ्तार पकड़ सकती है. 'हैप्पी पटेल' लिमिटेड रिलीज होगी. इसलिए अगर ये 3–4 करोड़ के आसपास भी ओपनिंग कर ले, तो बॉक्स ऑफिस पर आगे का मामला सेट हो सकता है. अब देखना है कि 'हैप्पी पटेल' शुक्रवार को क्या कमाल करती है.
सुबोध मिश्रा