कैश नहीं 8,000 का कूपन... तमिलनाडु में स्टालिन सरकार का महिलाओं से वादा

तमिलनाडु में डीएमके ने महिलाओं के लिए 8000 रुपये का कूपन देने का वादा किया है. मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने कहा कि कूपन इसलिए दिया जा रहा है ताकि लोग अपनी पसंद के अनुसार घरेलू सामान खरीद सकें. पार्टी की डिप्टी जनरल सेक्रेटरी ने बताया कि यह मेनिफेस्टो पूरी तरह से लोगों से बातचीत और उनके सुझावों के आधार पर तैयार किया गया है.

Advertisement
CM स्टालिन ने बताया 8000 वाली योजना का असली 'लॉजिक' (File Photo) CM स्टालिन ने बताया 8000 वाली योजना का असली 'लॉजिक' (File Photo)

प्रमोद माधव

  • चेन्नई,
  • 29 मार्च 2026,
  • अपडेटेड 10:01 PM IST

तमिलनाडु में चुनावी माहौल पूरी तरह गरमाया हुआ है. इसी गहमागहमी के बीच सत्ताधारी पार्टी डीएमके (DMK) ने रविवार को अपना घोषणापत्र (Manifesto) जारी कर दिया है. मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन ने आज चेन्नई में पार्टी का मेनिफेस्टो जारी किया. लेकिन सबसे ज्यादा चर्चा हो रही है महिलाओं को मिलने वाले 8000 रुपये के कूपन की. जब स्टालिन से पूछा गया कि, बाकी पार्टियां तो सीधे बैंक खाते में पैसा डालने की बात कर रही हैं, तो आपने कूपन का रास्ता क्यों चुना?

Advertisement

इस पर स्टालिन ने बड़े ही व्यावहारिक और जमीनी स्तर की बात कही. उन्होंने कहा, 'अगर हम सीधे कैश देंगे, तो डर है कि वह घर के दूसरे छोटे-मोटे खर्चों में निकल जाएगा. हम चाहते हैं कि घर की महिलाओं के पास अपनी पसंद का सामान खरीदने की आजादी हो. कूपन का मतलब है कि वे अपनी जरूरत के हिसाब से वॉशिंग मशीन, टीवी, फ्रिज या मिक्सी जैसा कोई भी बड़ा सामान खरीद सकें या पुराने के बदले नया ले सकें.' इस दौरान स्टालिन ने चुटकी लेते हुए कहा, '2021 के चुनाव में हमारा मेनिफेस्टो हीरो था, लेकिन आज का यह मेनिफेस्टो हीरो और हीरोइन दोनों है.' 

जनता के सुझावों से बना सबका मेनिफेस्टो

मेनिफेस्टो कमेटी की कमान संभालने वाली पार्टी की डिप्टी जनरल सेक्रेटरी (उप महासचिव) कनिमोझी ने इस विजन डॉक्यूमेंट के पीछे की पूरी कहानी बताई. उन्होंने कहा कि इसे बनाने के लिए हमने कोई जल्दबाजी नहीं की. एक पूरी कमेटी बनाई गई, जिसने तमिलनाडु के अलग-अलग जिलों का दौरा किया और सीधे जनता से बात की. कनिमोझी के मुताबिक, 'यह सिर्फ पार्टी का विजन नहीं है, बल्कि हर उस व्यक्ति का सुझाव है जिससे हम मिले. हम चाहते थे कि जब हम लोगों को कुछ दें, तो उन्हें यह चुनने का पूरा हक मिले कि उन्हें क्या चाहिए. जनता को अपनी पसंद का सामान चुनने का हक देना ही असली लोकतंत्र है.'

Advertisement

वहीं जब विपक्ष के वादों पर सवाल उठा, तो कनिमोझी ने उन्हें सिरे से खारिज कर दिया. उन्होंने कहा कि हमने अक्सर देखा है कि विरोधी पार्टियां चुनाव के समय बड़े-बड़े वादे तो कर देती हैं, लेकिन उन्हें कभी निभाती नहीं हैं. तमिलनाडु की जनता अब इतनी जागरूक हो चुकी है कि वह इन खोखली बातों पर यकीन नहीं करती. उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा कि जनता को हमारी 'गारंटी' पर भरोसा है क्योंकि हमने पिछले 5 सालों में वो भी करके दिखाया है जो हमने पहले नहीं कहा था. कुल मिलाकर, डीएमके का ये मेनिफेस्टो इस बार महिलाओं और युवाओं को केंद्र में रखकर तैयार किया गया है.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement