देश की राजधानी में एक बड़े आतंकी और आपराधिक नेटवर्क का खुलासा हुआ है. दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI के इशारे पर ड्रोन के जरिए भारत भेजे गए अत्याधुनिक हथियारों के बड़े जखीरे को जब्त किया है. इस कार्रवाई में कई चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं, जो देश की सुरक्षा के लिए गंभीर खतरे की ओर इशारा करते हैं.
दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए पाकिस्तान से ड्रोन के जरिए भेजे गए हथियारों की खेप को पकड़ा है. जांच में सामने आया है कि ये हथियार ISI के इशारे पर भारत में भेजे गए थे. पुलिस के मुताबिक, इस पूरे नेटवर्क का मकसद देश में आपराधिक गतिविधियों और आतंक फैलाना था. यह ऑपरेशन काफी समय से चल रही खुफिया जानकारी के आधार पर अंजाम दिया गया. पुलिस की सतर्कता से एक बड़ी साजिश को समय रहते नाकाम कर दिया गया.
इस कार्रवाई के दौरान पुलिस ने कुल 23 अत्याधुनिक हथियार बरामद किए हैं. इनमें जिगाना, ग्लोक और PX जैसी हाईटेक पिस्टल शामिल हैं, जो आमतौर पर पेशेवर अपराधियों और आतंकी संगठनों द्वारा इस्तेमाल की जाती हैं. इन हथियारों की मारक क्षमता और तकनीक बेहद उन्नत मानी जाती है. पुलिस का कहना है कि इतनी बड़ी संख्या में अत्याधुनिक हथियारों का एक साथ मिलना बेहद गंभीर मामला है.
इस मामले में अब तक 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। जांच में यह भी सामने आया है कि इनमें से कई आरोपी सीधे पाकिस्तान में बैठे हैंडलर्स के संपर्क में थे। ये लोग भारत में हथियारों की सप्लाई का नेटवर्क चला रहे थे। पूछताछ के दौरान कई अहम सुराग मिले हैं, जिनके आधार पर पुलिस अब इस नेटवर्क के अन्य सदस्यों की तलाश कर रही है। इस गिरफ्तारी से पूरे नेटवर्क की परतें खुलने लगी हैं।
पुलिस के मुताबिक, ये हथियार देश के कुख्यात गैंगस्टरों और एंटी सोशल एलिमेंट्स को सप्लाई किए जाने थे. इसका मकसद देश में अपराध और हिंसा को बढ़ावा देना था. अगर ये हथियार गलत हाथों में पहुंच जाते, तो बड़े आपराधिक घटनाओं को अंजाम दिया जा सकता था. इस कार्रवाई ने संभावित बड़े खतरे को टाल दिया है और कई जिंदगियां बचाई हैं.
जांच के दौरान यह भी खुलासा हुआ है कि बिहार के मुंगेर में भी देशी हथियार बनाए जा रहे थे, जिन्हें इस नेटवर्क से जोड़ा जा सकता है. इससे साफ है कि यह एक संगठित और बड़े स्तर की साजिश थी, जिसमें अंतरराष्ट्रीय और स्थानीय स्तर पर काम हो रहा था. दिल्ली पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है, ताकि इसके सभी पहलुओं का खुलासा किया जा सके और भविष्य में ऐसी साजिशों को रोका जा सके.
अरविंद ओझा