देश के प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थान आईआईटी कानपुर (IIT-K) के कैंपस में शनिवार को एक सनसनीखेज घटना सामने आई. यहां कार्यरत 28 वर्षीय जूनियर टेक्नीशियन अंजू कुमारी ने अपने कमरे में फांसी लगाकर जान दे दी. बताया जा रहा है कि यह आत्मघाती कदम उठाने से ठीक पहले अंजू का अपने मंगेतर से फोन पर तीखा झगड़ा हुआ था. पुलिस को मौके से एक डायरी मिली है, जिसमें अहम बातें लिखी गई हैं.
मूल रूप से झारखंड के जादूगोड़ा की रहने वाली अंजू कुमारी पिछले तीन साल से आईआईटी कानपुर में जूनियर टेक्नीशियन के पद पर तैनात थी. शनिवार को अंजू की बातचीत उसके मंगेतर पंकज से हो रही थी, जो ओडिशा के बिजली विभाग में कार्यरत है. बातचीत के दौरान ही दोनों के बीच किसी बात को लेकर बहस शुरू हो गई. शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि अंजू ने पंकज से जान देने की बात कही थी.
अंजू की बात सुनकर पंकज घबरा गया. उसने तुरंत कैंपस में ही रहने वाले एक दोस्त को फोन किया और अंजू का हाल जानने को कहा. दोस्त उस वक्त उपलब्ध नहीं था, तो उसने अपने भाई को अंजू के घर भेजा. जब भाई वहां पहुंचा तो कमरा अंदर से बंद था. दरवाजा खटखटाने के बावजूद कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली. शक होने पर फौरन हॉस्टल वार्डन और पुलिस को सूचित किया गया. इसके बाद दरवाजा तोड़ा गया.
350 पेज की डायरी में दर्ज दर्द
अंदर का मंजर देखकर सबके होश उड़ गए. अंजू पंखे से लटकी हुई थी. आनन-फानन में उसे कैंपस के अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया. जांच के दौरान पुलिस को अंजू के कमरे से एक पर्सनल डायरी मिली है. 350 पन्नों की डायरी में अंजू ने अपनी जिंदगी की कहानी दर्ज किया था. उसमें आखिरी एंट्री मौत से कुछ देर पहले की गई थी. अंजू मंगेतर की डांट से बेहद आहत थी.
पारिवारिक त्रासदी का एंगल
एडिशनल डिप्टी कमिश्नर ऑफ पुलिस (वेस्ट) कपिल देव सिंह ने बताया कि जांच में एक और चौंकाने वाला पहलू सामने आया है. करीब एक साल पहले ही अंजू के भाई ने भी सुसाइड कर लिया था. उस घटना के बाद से अंजू गहरे सदमे और डिप्रेशन में थी. हालांकि, परिजनों का कहना है कि पिछले कुछ महीनों से उसकी मानसिक स्थिति में सुधार दिख रहा था. वो इमोशनली स्टेबल नजर आ रही थी.
जल्द होने वाली थी उनकी शादी
डिप्टी कमिश्नर ऑफ पुलिस (वेस्ट) एसएम कासिम आबिदी ने बताया कि दोनों परिवारों के बीच शादी की बातचीत फाइनल हो चुकी थी. बहुत जल्द ही सगाई होने वाली थी. प्रथम दृष्टया यह मामला व्यक्तिगत और पारिवारिक कारणों से उत्पन्न मानसिक तनाव का लग रहा है. पुलिस ने अंजू के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है. झारखंड में उसके परिजनों को सूचना दे दी गई है.
डायरी के पन्ने की बारीक जांच
पुलिस अब अंजू के कॉल रिकॉर्ड्स खंगाल रही है. उसकी डायरी के हर पन्ने की बारीकी से जांच की जा रही है. यह जानने की कोशिश की जा रही है कि अंजू ने किन हालातों में जाने देने जैसा कदम उठाया.
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