इंडोनेशिया के बाली में आयोजित हो रही जी-20 समिट में पीएम नरेंद्र मोदी ने ब्रिटेन के पहले भारतीय मूल के प्रधानमंत्री ऋषि सुनक से मुलाकात की. इस दौरान दोनों नेताओं की कई अहम मुद्दों पर चर्चा हुई. पीएम मोदी से मुलाकात के बाद ही ब्रिटेन की सरकार ने भारत के लिए हर साल 3000 वीजा जारी करने का बड़ा ऐलान कर दिया है. यह वीजा उन युवाओं के लिए है, जो ब्रिटेन जाकर अपना करियर संवार सकते हैं.
ब्रिटेन सरकार ने इस बारे में बताया कि भारत ऐसा पहला देश है, जिसे इस स्कीम का फायदा मिलने जा रहा है. ब्रिटेन सरकार ने बयान में कहा कि यूके-भारत यंग प्रोफेशनल स्कीम पर मुहर लग गई है. इस स्कीम के तहत हर साल 18 से 30 वर्ष के 3 हजार प्रशिक्षित भारतीय युवा दो सालों तक ब्रिटेन जाकर रह सकते हैं और काम कर सकते हैं.
ब्रिटेन सरकार ने कहा कि इस स्कीम को लॉन्च करना दोनों देशों के द्विपक्षीय संबंधों के लिए महत्वपूर्ण पल है. साथ ही इंडो-पेसिफिक क्षेत्र में दोनों देशों की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए ब्रिटेन की प्रतिबद्धता को दर्शाता है.
Glad to see you PM . Looking forward to working together in the times to come.
— Narendra Modi (@narendramodi)
इंडो-पेसिफिक क्षेत्र में ब्रिटेन के सबसे ज्यादा मजबूत संबंध भारत के साथ
ब्रिटेन सरकार ने कहा कि इंडो-पेसिफिक क्षेत्र के सभी देशों में ब्रिटेन के सबसे ज्यादा मजबूत संबंध भारत के साथ हैं. ब्रिटेन में जितने भी छात्र विदेश से पढ़ने के लिए आते हैं, उनमें एक चौथाई सिर्फ भारत से ही होते हैं. साथ ही भारतीय निवेश की वजह से पूरे ब्रिटेन में करीब 95 हजार लोगों को रोजगार मिलता है.
मालूम हो कि ब्रिटेन और भारत के बीच अभी ट्रेड डील पर भी बातचीत चल रही है. अगर यह डील हो गई तो भारत की किसी भी यूरोपियन देश के साथ होने वाली पहली ऐसी डील होगी.
वहीं, भारत के साथ मोबिलिटी पार्टनरशिप को लेकर ब्रिटेन सरकार ने कहा कि इस साझेदारी के जरिए इमीग्रेशन का उल्लंघन करने वालों को बाहर करने में मदद मिलेगी.
ब्रिटेन सरकार ने कहा कि साल 2021 के मई महीने में दोनों देशों के बीच इस ऐतिहासिक प्रस्ताव पर मुहर लगी थी. इसका लक्ष्य दोनों देशों के बीच आवाजाही को बढ़ावा देना था. साथ ही अवैध तरीके से रहने वाले लोगों को बाहर निकालकर इमीग्रेशन से जुड़े अपराध को रोकने के लिए साझा कोशिशें करना था.
जी-20 समिट में पीएम मोदी और ऋषि सुनक की पहली मुलाकात
ब्रिटेन में जब ऋषि सुनक ने प्रधानमंत्री की कुर्सी पर काबिज हुए, तभी से ही भारत में भी खुशी जताई जाने लगी थी. ब्रिटेन में ऋषि सुनक पहले ऐसे भारतीय मूल के नेता हैं, जो ब्रिटेन सरकार के मुखिया बने हैं. ऐसे में जी-20 समिट के दौरान जब भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ऋषि सुनक की मुलाकात हुई तो पूरे विश्व की नजरें उन पर टिकी थीं.
ब्रिटेन का पीएम बनने के बाद ऋषि सुनक की पीएम मोदी के साथ यह पहली मुलाकात थी. जब ऋषि सुनक ने अपनी पार्टी टोरी के लीडरशिप चुनाव में जीत हासिल की थी तो प्रधानमंत्री मोदी ने फोन पर उन्हें पूरे भारत की ओर से बधाई संदेश भी दिया था.