पाकिस्तान में मॉडल नकीबुल्लाह महसूद के फेक एनकाउंटर के बाद लोगों में उबाल है. महसूद की मौत की जांच कर रही टीम ने कह दिया है कि उसे फेक एनकाउंटर में मारा गया था.
जांच टीम के प्रमुख और आतंक रोधी विभाग के एडीशनल आईजी डॉ. सनालुल्लाह अब्बासी ने कहा है कि महसूद की कानूनों से परे जाकर हत्या की गई थी. उन्होंने महसूद की हत्या का विरोध कर रहे उनके परिजनों, दोस्तों, रिश्तेदारों और आंदोलित लोगों से मंगलवार को दिलासा दी कि इस मामले में आरोपियों को बख्शा नहीं जाएगा.
इस महीने की शुरुआत में हुए इस एनकाउंटर में महसूद की पुलिस अधिकारियों ने हत्या कर दी थी. तब उन्हें तहरीक-ए-तालिबान का सदस्य बताया गया था, जबकि वह के उभरते हुए मॉडल थे. तालिबान ने इस मामले में बयान जारी कर कहा था कि महसूद का उनसे कोई लेना-देना नहीं था. इस मामले में वरिष्ठ पुलिस अधिकारी एसएसपी राव अनवर आरोपी थे और उन्हें सस्पेंड कर दिया गया है.
पाकिस्तानी समाचार वेबसाइट डॉन की रिपोर्ट के मुताबिक अनवर पहले तो जांच दल के सामने पेश हुए, लेकिन बाद में उन्होंने सवालों का जवाब देने से इनकार कर दिया. सोमवार रात को उन्होंने देश से फरार होने की कोशिश भी की थी, लेकिन संघीय जांच एजेंसी (FIA) ने उन्हें इमिग्रेशन काउंटर पर पकड़ लिया. मंगलवार को ही के सुप्रीम कोर्ट ने उनके देश से बाहर जाने पर रोक लगा दी है.
हालांकि, महसूद के फेक एनकाउंटर के मामले में अभी एफआईआर दर्ज नहीं की गई है. ईस्ट के आईजी ख्वाजा सुल्तान ने कहा है कि महसूद के घरवालों की शिकायत मिलते ही मामला दर्ज किया जाएगा.
भारत सिंह