ओमान तट के पास ऑयल टैंकर पर बहुत बड़ा हमला, एक भारतीय की मौत

ओमान तट के पास पोर्ट सुल्तान काबूस से 52 नॉटिकल मील दूर तेल टैंकर ‘एमकेडी VYOM’ पर मानव रहित नाव से हमला किया गया. मुख्य इंजन कक्ष में आग और विस्फोट में एक भारतीय चालक दल सदस्य की मौत हो गई. 21 सदस्यीय दल को ‘एमवी SAND’ ने सुरक्षित निकाला, ओमान रॉयल नेवी क्षतिग्रस्त जहाज पर निगरानी रखे हुए है.

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पोर्ट पर हमले में एक भारतीय की मौत (Photo: Reuters) पोर्ट पर हमले में एक भारतीय की मौत (Photo: Reuters)

aajtak.in

  • मस्कट,
  • 02 मार्च 2026,
  • अपडेटेड 4:45 PM IST

इजरायल और ईरान में जारी जंग के बीच ओमान के पोर्ट सुल्तान क़ाबूस के उत्तर-पश्चिम में समुद्र में एक तेल टैंकर पर हमले की घटना सामने आई है. सल्तनत ऑफ ओमान के मैरीटाइम सिक्योरिटी सेंटर के अनुसार, मार्शल आइलैंड्स के ध्वज वाला ऑयल टैंकर ‘एमकेडी VYOM’ मस्कट गवर्नरेट के तट से लगभग 52 नॉटिकल मील दूर एक मानव रहित नाव (अनमैन्ड बोट) के हमले का शिकार हुआ.

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हमले में भारतीय नागरिक की मौत

हमले के दौरान टैंकर के मुख्य इंजन कक्ष में आग लग गई और विस्फोट हुआ, जिससे एक भारतीय चालक दल सदस्य की मौत हो गई. उस समय जहाज पर कुल 21 क्रू सदस्य सवार थे, जिनमें 16 भारतीय, 4 बांग्लादेशी और 1 यूक्रेनी नागरिक शामिल थे.

घटना के तुरंत बाद मैरीटाइम सिक्योरिटी सेंटर के समन्वय में चालक दल को सुरक्षित निकालने की कार्रवाई शुरू की गई. पनामा के ध्वज वाले व्यापारी पोत ‘एमवी SAND’ ने सभी 21 क्रू सदस्यों को सुरक्षित बाहर निकाला.

बताया गया है कि टैंकर लगभग 59,463 मीट्रिक टन कार्गो लेकर जा रहा था. हमले के बाद क्षतिग्रस्त टैंकर की स्थिति पर ओमान की रॉयल नेवी एक पोत के जरिए निगरानी रखे हुए है और उसी समुद्री क्षेत्र से गुजरने वाले अन्य जहाजों को आवश्यक चेतावनी जारी की जा रही है.

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ओमान की रॉयल नेवी रख रही नजर

इस घटना ने क्षेत्रीय समुद्री सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है. फिलहाल टैंकर की स्थिति और हमले की विस्तृत जांच जारी है. मैरीटाइम अथॉरिटीज संबंधित एजेंसियों के साथ मिलकर आगे की कार्रवाई कर रही है.

बता दें कि एक तरफ जहां अमेरिका और इजरायल मिलकर ईरान की राजधानी तेहरान पर बम और मिसाइलें बरसा रहे हैं वहीं दूसरी तरफ ईरान उन देशों को टार्गेट कर रहा है जहां अमेरिकी सैन्य बेस मौजूद हैं. 

इजरायल डिफेंस फोर्सेज ने दावा किया है कि ‘ऑपरेशन रोरिंग लायन’ के तहत ईरान के खुफिया मंत्रालय के दो वरिष्ठ अधिकारियों को निशाना बनाकर मार गिराया. आईडीएफ के अनुसार, कार्रवाई सटीक खुफिया जानकारी पर आधारित थी और तेहरान स्थित मंत्रालय मुख्यालय पर भी हमला किया गया. ईरान की ओर से इस दावे पर तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है.

 

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