चेहरे को नोंचा, हाथों को काटा... दो साल के बच्चे पर कुत्तों ने किया हमला, लगाने पड़े 10 टांके

गोरखपुर के दुमरी चौराहा इलाके में दो साल के बच्चे सुंदरम पर चार से पांच आवारा कुत्तों ने हमला कर दिया, जिससे उसके चेहरे और हाथों पर गंभीर चोटें आईं. स्थानीय लोगों की मदद से बच्चे को बचाया गया और प्राथमिक उपचार के बाद उसे गोरखपुर के एक निजी अस्पताल में रेफर किया गया.

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डॉक्टरों ने बच्चे के चेहरे पर दस टांके लगाए हैं और आगे रिकंस्ट्रक्टिव सर्जरी की जरूरत बताई है. (Photo: Representational) डॉक्टरों ने बच्चे के चेहरे पर दस टांके लगाए हैं और आगे रिकंस्ट्रक्टिव सर्जरी की जरूरत बताई है. (Photo: Representational)

aajtak.in

  • लखनऊ,
  • 05 अक्टूबर 2025,
  • अपडेटेड 4:21 PM IST

गोरखपुर में शुक्रवार सुबह एक दर्दनाक घटना सामने आई, जहां दो साल के एक बच्चे पर आवारा कुत्तों के झुंड ने हमला कर दिया. यह हादसा दुमरी चौराहा इलाके में हुआ, जब बच्चा घर के बाहर खेल रहा था. चार से पांच कुत्तों ने अचानक उस पर हमला कर दिया और उसके चेहरे व हाथों को बुरी तरह काट लिया.

बुरी तरह घायल हुआ बच्चा

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स्थानीय लोगों के अनुसार, बच्चे की पहचान सुंदरम के रूप में हुई है. वह मदद के लिए चिल्ला रहा था, लेकिन कुत्ते उसे छोड़ नहीं रहे थे. गांववाले डंडे लेकर दौड़े और कुत्तों को भगाने की कोशिश की, तब जाकर किसी तरह उसे बचाया जा सका. जब तक उसके माता-पिता घर से बाहर आए, बच्चे के चेहरे और हाथों पर गहरे जख्म हो चुके थे.

पहले उसे पाली के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार और एंटी-रेबीज वैक्सीन दी. इसके बाद उसे बेहतर इलाज के लिए गोरखपुर शहर के एक निजी अस्पताल में रेफर किया गया. 

चेहरे पर लगाए 10 टांके

वहां डॉक्टरों ने सर्जरी की और चेहरे पर दस टांके लगाए. हाथ के गंभीर जख्मों पर ड्रेसिंग की गई. बच्चे के पिता रामपाल ने बताया, 'कुत्तों ने उसके चेहरे और होंठों का मांस नोच लिया. डॉक्टरों ने कहा है कि टांके हटाने के बाद निशान मिटाने के लिए एक और सर्जरी करनी पड़ेगी.'

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उधार लेकर इलाज करवा रहा परिवार

उन्होंने बताया कि अब तक इलाज पर करीब 70 हजार रुपये खर्च हो चुके हैं और आगे यह खर्च दो लाख तक पहुंच सकता है. अभी तक किसी सरकारी मदद की घोषणा नहीं हुई है. हम उधार लेकर इलाज करा रहे हैं. डॉक्टरों के मुताबिक, बच्चा अब खतरे से बाहर है, लेकिन आने वाले हफ्तों में उसे रिकंस्ट्रक्टिव (पुनर्निर्माण) सर्जरी की जरूरत पड़ेगी.

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