उत्तर प्रदेश में अभी लोग खतौली में हुए ट्रेन हादसे से उभरे ही नहीं थे कि प्रदेश में एक और बड़ा हादसा हो गया है. मंगलवार देर रात कानपुर और इटावा के बीच औरैया जिले में एक और रेल दुर्घटना हुई. आजमगढ़ से दिल्ली आ रही 12225 (अप) कैफियत एक्सप्रेस औरैया के पास दुर्घटनाग्रस्त हो गई है. मानव रहित फाटक पर देर रात ट्रेन एक डंपर से टकरा गई. हाल ही में उत्तर प्रदेश में कई रेल हादसे हुए हैं, आइए इनपर एक नज़र डालते हैं...
कैफियत एक्सप्रेस हादसा (औरैया)
कानपुर और इटावा के बीच औरैया जिले में एक और रेल दुर्घटना हुई. आजमगढ़ से दिल्ली आ रही 12225 (अप) कैफियत एक्सप्रेस औरैया के पास दुर्घटनाग्रस्त हो गई है. मानव रहित फाटक पर देर रात ट्रेन एक डंपर से टकरा गई. उत्तरी-मध्य रेलवे के प्रवक्ता के मुताबिक दुर्घटना की वजह से ट्रेन के इंजन सहित 10 डिब्बे पटरी से उतर गए. घटना में 21 लोगों के घायल होने की खबर है. घायलों में से दो यात्री बुरी तरह से घायल हुए हैं. राहत और बचाव कार्य पूरा हो चुका है.
ये भी पढ़ें - बुलेट ट्रेन चले ना चले, रेल घटनाएं जरूर रोको...
पुरी-उत्कल एक्सप्रेस हादसा (खतौली)
यूपी के मुजफ्फनगर के पास खतौली में ट्रेन नंबर 18477 पुरी-उत्कल एक्सप्रेस के हादसे में 23 लोगों की जान चली गई, जबकि 150 से ज्यादा जख्मी हैं. दुर्घटना इतनी भयावह थी कि पटरी से उतरे 13 कोच एक-दूसरे पर जा चढ़े.
महाकौशल एक्सप्रेस हादसा
यूपी के महोबा में 30 मार्च, 2017 को महाकौशल एक्सप्रेस पटरी से उतरी, 50 से ज्यादा लोग घायल हुए थे.यह हादसा रात क़रीब 2 से सवा दो बजे महोबा और कुलपहाड़ स्टेशन के बीच हुआ था . हादसे के बाद इलाहाबाद-झांसी रूट प्रभावित हुआ था.
मेरठ-लखनऊ राज्यरानी एक्सप्रेस हादसा
मेरठ-लखनऊ राज्यरानी एक्सप्रेस के 8 डिब्बे 15 अप्रैल 2017 को उत्तर प्रदेश में रामपुर के पास पटरी से उतरे, करीब 10 लोग घायल हुए थे.हादसा मुण्डा पांडे और रामपुर रेलवे स्टेशन के बीच हुआ था. रेल मंत्री सुरेश प्रभु ने घायल यात्रियों के लिए 50,000-50,000 रुपये के मुआवजे की घोषणा की थी.
इससे पहले 20 नवंबर 2016 को कानपुर देहात के पास इंदौर-पटना एक्सप्रेस ट्रेन पटरी से उतर गई थी. हादसे में करीब 150 लोगों की जान चली गई थी. इस हादसे के पीछे साजिश की जांच भी जारी है.
सियालदह-अजमेर एक्सप्रेस हादसा
वहीं कानपुर के पास रूरा रेलवे स्टेशन के पास 28 दिसबंर 2016 की सुबह सियालदह-अजमेर एक्सप्रेस पटरी से उतर गई थी. हादसे में सौ से ज्यादा यात्री घायल हुए थे. इस हादसे के कारण दिल्ली आने वाली 20 से ज्यादा ट्रेनों को पिछले स्टेशनों पर रोका गया है.
जनता एक्सप्रेस हादसा
वहीं रायबरेली के बछरांवा के पास २० मार्च 2015 को जनता एक्सप्रेस14266 के कई डिब्बे पटरी से उतर गए थे, इस हादसे में 32 लोगों की मौत हो गई और 150 से अधिक लोग जख्मी हो गए.
गोरखधाम एक्सप्रेस हादसा
26 मई 2014, उत्तर प्रदेश के संत कबीर नगर में गोरखधाम एक्सप्रेस ने एक खड़ी मालगाड़ी में टक्कर मार दी थी इस हादसे में तकरीबन दो दर्जन लोग मारे गए थे. यह हादसा उसी दिन हुआ था जिस दिन नरेंद्र मोदी ने प्रधानमंत्री पद की शपथ ली थी.
यहां भी हुए रेल हादसे
-कुनेरू के पास जगदलपुर-भुवनेश्वर हीराखंड एक्सप्रेस 21 जनवरी 2017 को पटरी से उतरी, 40 से ज्यादा की मौत, 68 लोग घायल हुए थे
-एमपी के जबरी रेलवे स्टेशन के पास 7 मार्च, 2017 को भोपाल-उज्जैन पैसेंजर ट्रेन में बम फटा, 10 लोग घायल हुए थे.
-चेन्नई सेंट्रल-तिरुवनंतपुरम सेंट्रल सुपरफास्ट एक्सप्रेस की एक अन्य ट्रेन से टक्कर 6 मई 2016 को टक्कर हो गई, करीब 7 लोग घायल हुए.
मोहित ग्रोवर