अगर अमेरिका ईरान के ऊर्जा ढांचों को निशाना बनाता है तो इसके जवाब में ईरान खाड़ी देशों के डिसलाइनेशन वाटर प्लांट्स पर हमला कर सकता है. इससे खाड़ी क्षेत्र के देश समुद्र के खारे पानी को साफ करने में असमर्थ हो जाएंगे और उनकी जनता पानी की कमी से जूझेगी. यह स्थिति खाड़ी के मुस्लिम देशों के लिए एक बड़ा संकट बन सकती है.