बंगाल चुनाव में इस बार मुकाबला सबसे अलग देखने को मिला है. नौ मिलियन से अधिक वोटरों की भागीदारी और 250,000 से अधिक सीएपीएफ जवानों की तैनाती ने चुनाव को ऐतिहासिक बना दिया है. 92 प्रतिशत से ज्यादा रिकॉर्ड वोटिंग ने निर्वाचन प्रक्रिया को एक नया मुकाम दिया है. अब 4 मई को परिणाम का इंतजार है जो तय करेगा कि दीदी ने अपनी पकड़ बनायी या नई सरकार बनने वाली है.