महाराष्ट्र सरकार ने स्पष्ट किया है कि इस कार्रवाई में स्थानीय व्यापारियों पर कोई अन्याय नहीं होगा जो वर्षों से इस व्यवसाय में हैं. सरकार का मुख्य फोकस उन लोगों पर है जो अवैध माइग्रेंट के रूप में महाराष्ट्र, खासकर मुंबई जैसे शहरों में आकर हॉकिंग का व्यवसाय कर रहे हैं. इसके अलावा, बांग्लादेशी नागरिकों के खिलाफ जो अवैध रूप से महाराष्ट्र में रह रहे हैं, उनके खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे.